उत्तर प्रदेश के लोगों के लिए बड़ी खुशखबरी है. रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने संकेत दिया है कि उत्तर प्रदेश को जल्द पहली बुलेट ट्रेन मिल सकती है. वैष्णव ने शनिवार को कहा कि प्रधानमंत्री द्वारा उत्तरी बुलेट ट्रेन कॉरिडोर को मंजूरी देने के साथ ही भारत ने अपने बुलेट ट्रेन नेटवर्क के विस्तार की दिशा में बड़ा कदम उठाया है. इस कदम के बाद उत्तर प्रदेश के लिए भी पहली बुलेट ट्रेन का रास्ता खुलने की उम्मीद है. यह ट्रेन लोगों को दिल्ली से वाराणसी केवल 3.5 घंटे में पहुंचाएगी.
प्रस्तावित हाई स्पीड रेल कनेक्टिविटी से इस मार्ग पर ट्रेवल टाइम के काफी कम होने की उम्मीद है, जिसमें वर्तमान में पारंपरिक ट्रेनों से कई घंटे लगते हैं. पत्रकारों से वार्ता में रेल मंत्री ने कहा कि बुलेट ट्रेन उत्तरी कॉरिडोर का हिस्सा है जिसे पीएम मोदी ने मंजूरी दी है और यह दशकों से लेकर एक सदी तक लोगों को फायदा पहुंचाता रहेगा.
वैष्णव ने कहा, 'बुलेट ट्रेन के साथ ट्रेवल टाइम में भारी कमी आएगी. दिल्ली से कानपुर मात्र 1 घंटा 45 मिनट, दिल्ली से आगरा 59 मिनट, दिल्ली से लखनऊ 2 घंटा 12 मिनट, वाराणसी से लखनऊ 1 घंटा 21 मिनट वाराणसी से पटना 1 घंटा, वाराणसी से दिल्ली 3 घंटा 33 मिनट, वाराणसी से प्रयागराज 33 मिनट और वाराणसी से आगरा मात्र 2 घंटा 34 मिनट में पहुंचा जा सकते.'
उन्होंने कहा कि यह महत्वपूर्ण उत्तरी कॉरिडोर आने वाले समय में एक पूर्ण परिवर्तन लाएगा, जिससे हमारे मध्यमवर्गीय परिवारों, युवाओं, लघु उद्यमियों और एमएसएमई सेक्टर को लाभ होगा. इसी बीच वाराणसी में एक और महत्वपूर्ण विकास प्रोजेक्ट चल रहा है, जहां गंगा नदी पर एक नया भव्य पुल बनाया जा रहा है. हाल ही में वैष्णव ने निर्माण स्थल का दौरा किया था और कहा था कि इस पुल का नाम 'नमो ब्रिज' रखा जाएगा. इस प्रोजेक्ट से सड़क और रेल कनेक्टिविटी में सुधार होगा और पवित्र नगरी में विकास कार्यों को गति मिलेगी.
#WATCH | Varanasi, UP: Union Railway Minister Ashwini Vaishnaw says, "The Northern Corridor for the bullet train, approved by our Prime Minister, will provide benefits to the nation for decades, and indeed, for up to a century. With the bullet train, travel times will be significantly reduced: Delhi to Kanpur in 1 hour 45 minutes; Delhi to Agra in 59 minutes; Delhi to Lucknow in 2 hours 12 minutes; Varanasi to Lucknow in 1 hour 21 minutes; Varanasi to Patna in 1 hour; Varanasi to Delhi in 3 hours 33 minutes; Varanasi to Prayagraj in 33 minutes; and Varanasi to Agra in 2 hours 34 minutes. This crucial Northern Corridor will drive a complete transformation in the coming years, offering immense convenience to our middle-class families, the underprivileged, the youth, small-scale entrepreneurs, and the MSME sector." He adds, "The 'Vande Bharat' sleeper trains will also be a significant convenience, allowing passengers to depart from Banaras at night and arrive in Delhi by morning, or vice versa."
— ANI (@ANI) October 31, 2026
प्रस्तावित बुलेट ट्रेन सेवा पर बोलते हुए, अश्विनी वैष्णव ने कहा कि कुछ लोग यह धारणा बनाने की कोशिश कर सकते हैं कि हाई-स्पीड ट्रेन मतलब अमीर यात्रियों के लिए लेकिन सरकार के विकास कार्यों का उद्देश्य किसानों, मध्यम वर्गीय और आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को फायदा पहुंचाना भी है. उन्होंने कहा कि दिल्ली से वाराणसी के बीच प्रस्तावित बुलेट ट्रेन का किराया हवाई यात्रा से कम होगा, जो हाई-स्पीड रेल यात्रा को यात्रियों के लिए और सुलभ बनाएगा.
बता दें कि वाराणसी का नमो ब्रिज करीब ढाई किलोमीटर लंबा है और इसे बनाने की अनुमानित लागत 2,657 करोड़ रुपए है. इस प्रोजेक्ट के 2029 तक पूरा होने की उम्मीद है. इस नमो ब्रिज से वाराणसी, बिहार और पूर्वांचल क्षेत्र में यात्रा करने वाले लोगों को फायदा मिलने की उम्मीद है. इस अतिरिक्त रेल ढांचे से संचालन की क्षमता 100 अतिरिक्त ट्रेनों से ज्यादा हो सकती है. इस प्रोजेक्ट से वर्तमान रेलवे नेटवर्क पर दबाव कम होने और यात्रियों के लिए ट्रेनों की उपलब्धता में सुधार होने की उम्मीद है.