UP Girls Kidnapping Case: उत्तर प्रदेश के अंबेडकरनगर जिले में बेटियों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल उठ खड़े हुए हैं. बीते एक माह के भीतर जिले के विभिन्न थानों में 56 लड़कियों के लापता होने या अपहरण के मामले दर्ज किए गए हैं. इनमें से अधिकतर नाबालिग, अनुसूचित जाति और आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की बेटियां हैं. चौंकाने वाली बात यह है कि दर्जनभर मामलों में आरोपित मुस्लिम युवक पाए गए हैं, जिसके चलते विश्व हिंदू परिषद (VHP) ने इसे ‘लव जिहाद’ का मामला करार दिया है.
अगस्त महीने में दर्ज मामलों के अनुसार, अकबरपुर कोतवाली में 11, मालीपुर में 9, जलालपुर में 8, अहिरौली में 7, बसखारी में 6, जैतपुर में 5 और अन्य थानों में 10 से अधिक मुकदमे दर्ज हुए हैं. पुलिस रिकार्ड में दर्ज 56 मामलों के अलावा करीब डेढ़ दर्जन परिवारों ने सामाजिक दबाव के चलते शिकायत ही नहीं की.
प्रशासन से कठोर कार्रवाई की मांग
विश्व हिंदू परिषद के प्रांत प्रमुख अरविंद पांडेय ने आरोप लगाया कि जिले में एक नेटवर्क सक्रिय है, जो षड्यंत्र के तहत हिंदू लड़कियों को प्रेम जाल में फंसाकर अपहरण करता है. उन्होंने ये कहा कि यह घटनाएं सामान्य अपहरण नहीं बल्कि सुनियोजित लव जिहाद हैं. उन्होंने बलरामपुर की घटनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि यह मामला गंभीर है और प्रशासन को कठोर कार्रवाई करनी चाहिए.
पुलिस अधीक्षक केशव कुमार ने बताया कि सभी मामलों की गंभीरता से जांच की जा रही है. अब तक की जांच में यह सामने आया है कि आरोपित मोबाइल, पैसे और शादी का झांसा देकर लड़कियों को अपने जाल में फंसाते हैं. नाबालिगों के मामलों में अपहरण की धारा के तहत तत्काल मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है. उन्होंने कहा कि किसी भी तरह के रैकेट की पुष्टि अभी नहीं हुई है, लेकिन दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी.
इसी बीच, कई मामलों में मतांतरण का आरोप भी सामने आया है. मालीपुर थाना क्षेत्र में 15 जुलाई को एक हिंदू युवती को मुस्लिम युवक ने शादी का झांसा देकर अपहरण किया और 10 लाख रुपये का प्रलोभन देकर मतांतरण कराया. निकाह के बाद युवक को गिरफ्तार कर लिया गया. वहीं, अकबरपुर और अन्य जगहों पर भी लड़कियों को जबरन मतांतरण कराने के प्रयासों की शिकायतें दर्ज हुई हैं.
कांग्रेस सांसद लालजी वर्मा ने कहा कि प्रदेश में महिला अपराधों की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं. अनुसूचित जाति और कमजोर वर्ग की बच्चियों को निशाना बनाया जा रहा है, जिनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी सरकार पर है. अंबेडकरनगर में बेटियों के लगातार लापता होने से जनपद में तनाव का माहौल है. हिंदू संगठनों ने चेतावनी दी है कि अगर पुलिस ने समय रहते कार्रवाई नहीं की तो आंदोलन किया जाएगा.