राजस्थान में नकली खाद बनाने वाले एक बड़े रैकेट का भंडाफोड़ हुआ है. आजतक की टीम ने राज्य के कृषि और उपभोक्ता विभाग के साथ मिलकर किशनगढ़ के उदयपुर कलां इंडस्ट्रियल एरिया में 13 फैक्ट्रियों पर छापा मारा. इन फैक्ट्रियों में मार्बल स्लरी, मिट्टी और बालू को रंगकर DAP, MOP, SSP, प्रोम, बायोजाइम और जिप्सम जैसे नकली खाद तैयार किए जा रहे थे. यह नकली खाद बिहार, पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में ब्रांडेड कंपनियों के नाम वाले कट्टों में भरकर सप्लाई की जा रही थी. सभी फैक्ट्रियों को सील कर मुकदमा दर्ज किया गया है.
मार्बल स्लरी से बनता था नकली खाद
आजतक की टीम ने फैक्ट्रियों में देखा कि मार्बल कटिंग से निकलने वाले कचरे को मिट्टी के साथ मिलाकर गर्म किया जाता था, जिससे खाद जैसे दाने बनाए जाते थे. इन्हें काला, भूरा, कत्थई और सिंदूरी रंगों में रंगकर DAP, SSP और MOP जैसे खाद के रूप में पैक किया जाता था. एक फैक्ट्री मालिक भाग गया, जबकि दूसरी फैक्ट्री में ट्रकों पर नकली खाद के कट्टे लादे जा रहे थे. मैनेजर ने सवालों पर जवाब देने से इनकार किया.
राजस्थान के कर्मठ कृषि मंत्री श्री डॉ किरोड़ी लाल मीणा साहब ने नक़ली खाद,जिप्सम बनाने के कारख़ाने में औचक निरीक्षण कर किया भंडाफोड़।
किसानो को मिल रहा है नकली खाद और उनकी जमीनों को नष्ट करने का काम कर रहे है।@DrKirodilalBJP @AgriGoI @IFAD @FAO @RajGovOfficial pic.twitter.com/iZAt3GDREq— MEENA OF INDIA🇮🇳 (@MEENAOFINDIA) May 29, 2025Also Read
अधिकारियों की मिलीभगत का खुलासा
जांच में पता चला कि स्थानीय अधिकारी फैक्ट्रियों से मिले हुए थे, जिसके कारण पहले कोई कार्रवाई नहीं हुई. तीसरी फैक्ट्री में बालू और बजरी से बायोजाइम और सी वीड जैसे महंगे खाद बनाए जा रहे थे, जो विदेश में निर्यात किए जा रहे थे. अन्य जिलों से बुलाई गई टीमें इस रैकेट को उजागर करने में सफल रहीं.
नकली खाद माफिया पर राजस्थान के कैबिनेट मंत्री @DrKirodilalBJP की देश की सबसे बड़ी कार्रवाई, छापा मारकर पकड़ी नकली खाद बनाने वाली कई फ़ैक्ट्रियाँ pic.twitter.com/Y9LjFkB8Lo
— Hemant Kumar (@hemantkumarnews) May 29, 2025
खेती और मिट्टी को भारी नुकसान
कृषि विभाग के ज्वाइंट डायरेक्टर नवल किशोर मीणा ने कहा, “इफ्को के नाम पर मार्बल स्लरी, मिट्टी और रेत में रंग मिलाकर नकली खाद बनाई जा रही थी.” दुर्गापुरा कृषि अनुसंधान केंद्र के अधिकारी धर्म सिंह गुर्जर ने चेतावनी दी, “इस खाद से खेत हमेशा के लिए बंजर हो जाएंगे.” अजमेर की कृषि अधिकारी ज्योति यादव ने कहा, “यह नकली प्रोडक्ट खेती के लिए खतरनाक है.” कृषि मंत्री डॉ. किरोड़ी लाल मीणा ने कहा, “यह विशाल रैकेट है, जिसमें मिट्टी और पत्थर के पाउडर से DAP, SSP और MOP बनाकर देशभर में सप्लाई किया जा रहा था.”