पंजाब की राजनीति में शनिवार को हलचल बढ़ने वाली है. आम आदमी पार्टी ने मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान से जुड़ी कथित फर्जी वीडियो के मुद्दे को लेकर राज्यव्यापी विरोध प्रदर्शन का ऐलान किया है. पार्टी का कहना है कि विपक्ष द्वारा सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों के जरिए मुख्यमंत्री की छवि को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की जा रही है, जिसे वह बर्दाश्त नहीं करेगी.
पार्टी नेतृत्व के निर्देश पर राज्यभर के सभी जिलों में कार्यकर्ता और पदाधिकारी एक साथ सड़कों पर उतरेंगे. प्रदर्शन के माध्यम से आम आदमी पार्टी अपने विरोधियों के खिलाफ जनमत तैयार करने और कथित दुष्प्रचार का जवाब देने की रणनीति पर काम कर रही है.
आम आदमी पार्टी ने इस पूरे विवाद के लिए शिरोमणि अकाली दल और उसके नेतृत्व को जिम्मेदार ठहराया है. पार्टी नेताओं का आरोप है कि मुख्यमंत्री भगवंत मान से जुड़ी एक कथित वीडियो को लेकर जानबूझकर गलत जानकारी फैलाई जा रही है. AAP का कहना है कि इस तरह के अभियान का उद्देश्य सरकार की छवि को धूमिल करना और जनता को भ्रमित करना है.
पार्टी नेताओं ने दावा किया कि राजनीतिक लाभ के लिए भ्रामक सामग्री का इस्तेमाल लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है और इसका विरोध किया जाना जरूरी है. इसी कारण राज्य स्तर पर व्यापक प्रदर्शन आयोजित किए जा रहे हैं. जानकारी के अनुसार जालंधर, लुधियाना, अमृतसर, पटियाला, बठिंडा और मोहाली समेत पंजाब के सभी जिलों में शनिवार को प्रदर्शन आयोजित किए जाएंगे. विभिन्न स्थानों पर पार्टी कार्यकर्ता और नेता एकत्रित होकर विरोध जताएंगे तथा विरोधी दलों के खिलाफ नारेबाजी करेंगे. पार्टी संगठन ने जिला इकाइयों को प्रदर्शन को शांतिपूर्ण और अनुशासित तरीके से आयोजित करने के निर्देश दिए हैं. इसके लिए स्थानीय स्तर पर तैयारियां भी पूरी कर ली गई हैं.
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि हाल के दिनों में पंजाब में राजनीतिक बयानबाजी और आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हुआ है. सोशल मीडिया पर वायरल सामग्री और उससे जुड़े दावों को लेकर विभिन्न दलों के बीच टकराव देखने को मिल रहा है. ऐसे माहौल में आम आदमी पार्टी का यह राज्यव्यापी प्रदर्शन राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण माना जा रहा है. पार्टी इस मुद्दे को जनता के बीच ले जाकर अपना पक्ष मजबूत करने की कोशिश कर रही है.