बेंगलुरु: बेंगलुरु के बिलेकाहल्ली इलाके में घरेलू विवाद ने एक परिवार को ऐसी त्रासदी में पहुंचा दिया, जिसकी परतें खुलने के बाद पुलिस भी हैरान रह गई. पुलिस के मुताबिक, 16 सितंबर को 40 वर्षीय रंजीत कुमार गुप्ता ने अपनी पत्नी गुंजा मद्धेशिया की कथित तौर पर हत्या कर दी. इसके बाद उसने घटना को आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की. मामले में पुलिस ने रंजीत को गिरफ्तार कर लिया है और पूछताछ के आधार पर घटना की कड़ियां जोड़ी हैं.
पुलिस के अनुसार, दंपति के बीच पिछले कुछ समय से लगातार विवाद चल रहा था. घटना वाले दिन दोनों बच्चे स्कूल जा चुके थे. आरोप है कि रंजीत काम पर जाने के कुछ देर बाद वापस घर लौटा और पत्नी से फिर विवाद हुआ. जांच में सामने आया कि इसी दौरान उसने कथित तौर पर दुपट्टे से गुंजा का गला घोंट दिया. बाद में उसने सबूतों और घटनास्थल को अलग रूप देने की कोशिश की.
शुरुआती जांच के मुताबिक, 16 सितंबर की सुबह करीब 9:30 बजे रंजीत काम के लिए घर से निकला था. कुछ देर बाद वह वापस लौट आया. उस समय घर में दोनों बच्चे मौजूद नहीं थे, क्योंकि वे स्कूल जा चुके थे. पुलिस के अनुसार, घर लौटने के बाद रंजीत और गुंजा के बीच दोबारा विवाद हुआ. आरोप है कि इसी दौरान उसने फर्श पर पीछे बैठकर दुपट्टे की मदद से गुंजा का गला घोंट दिया.
पुलिस के अनुसार, दोपहर करीब 3 बजे रंजीत दोबारा घर आया. उसने खाना पकाने का तेल गर्म किया और कथित तौर पर गुंजा के चेहरे पर डाल दिया. पुलिस का कहना है कि उसका उद्देश्य चेहरा बिगाड़ना और घटना को अलग रूप देना था. इसके बाद उसने घर का दरवाजा बंद किया और काम पर चला गया. शाम को लौटकर उसने पड़ोसियों को बुलाया और गुंजा की मौत को आत्महत्या बताने की कोशिश की.
रात करीब 8 बजे मकान मालिक को महिला की मौत की जानकारी मिली. उसने पुलिस को दंपति के बीच होने वाले विवादों के बारे में बताया. पुलिस टीम मौके पर पहुंची तो रंजीत ने आत्महत्या की कहानी दोहराई. इंस्पेक्टर नटराज डीएन और उनकी टीम को उसके बयान और व्यवहार में विरोधाभास नजर आए. शक बढ़ने पर पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की. पुलिस के मुताबिक, पूछताछ के दौरान उसने हत्या की बात स्वीकार की.
पूछताछ में रंजीत ने बताया कि वह करीब 18 महीने पहले अपने पैतृक गांव से पत्नी गुंजा और दोनों बच्चों के साथ बेंगलुरु आया था. पुलिस के अनुसार, पिछले तीन महीनों में दंपति के बीच छोटी-छोटी बातों को लेकर विवाद बढ़ गया था. पत्नी के कई बार फोन नहीं उठाने को लेकर भी वह नाराज था. फिलहाल दोनों बच्चों को रिश्तेदारों के पास भेज दिया गया है और आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेजा गया है.