Jitan Ram Manjhi: बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा के प्रमुख जीतन राम मांझी का बड़ा बयान सामने आया है. उन्होंने बड़ा बयान देते हुए कहा कि उन्होंने बिहार में एनडीए के साथ सरकार बनाने के लिए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को अपना समर्थन देकर उनका एहसान चुकाया है. जीतन राम मांझी ने दावा किया कि उन्होंने नीतीश कुमार को चार वोट दिलाने का काम किया. अभी जो परिस्थिति है की विधानसभा में 2 या 4 विधायक इधर उधर हो गए तो सरकार गिर सकती है.
मांझी ने कहा "बिहार विधानसभा में सरकार बनाने के लिए 122 वोटों की जरूरत थी और नीतीश कुमार को 125 वोट हासिल हुए. हमारा योगदान चार वोटों का था. अगर उन 4 वोटों को हटा दिया जाए तो 121 वोट होते. अगर हम ऐसा नहीं करते तो नीतीश जी की सरकार गिर जाती. उन्होंने मुझे मुख्यमंत्री बनाया था इसलिए अब मैं कह सकता हूं कि मैंने भी अपना एहसान चुका दिया है."
मांझी ने आगे कहा कि बिहार में बीते दिनों सरकार बनाने के लिए विधायकों का खरीद फरोख्त किया जा रहा था. महागठबंधन की ओर से हमको बड़े-बड़े ऑफर मिले. बिहार का सबसे बड़ा पद मुख्यमंत्री बनाने का लालच हमको दिया जा रहा था लेकिन हमने मना कर दिया और नीतीश कुमार को मुख्यमंत्री बनाने के लिए हमने चारों विधायकों के साथ समर्थन दिया. नीतीश कुमार ने हमको मुख्यमंत्री बनाया था इसलिए हमने अब उसका एहसान चुका दिया.
मांझी ने आगे कहा कि नीतीश कुमार ने एनडीए में शामिल होकर सही फैसला लिया है. उन्होंने आगामी लोकसभा चुनाव में NDA गठबंधन को वोट करने की अपील की. मांझी ने कहा कि नीतीश कुमार को राज्य की शराब नीति की समीक्षा करनी चाहिए. अगर शराबबंदी लागू ही करनी है तो गुजरात की तरह कीजिए, ताकि परमिट के जरिए लोगों को शराब भी मिले और सरकार को राजस्व भी मिले.