दलीप ट्रॉफी 2026 के पहले सेमीफाइनल में मोहम्मद शमी की गेंदबाजी ने मुकाबले का रुख ईस्ट जोन की तरफ मोड़ दिया है. सेंट्रल जोन की दूसरी पारी महज 158 रन पर समाप्त हो गई और अब ईस्ट जोन के सामने 159 रन का लक्ष्य है. शमी ने दूसरी विपक्षी टीम के बल्लेबाजों पर कहर बनकर टूटे.
इतना ही नहीं उन्होंने इस दौरान एक ऐसा कैट पकड़ा जिसकी जितनी तारीफ की जाए उतनी ही कम है. उनके इस करिश्माई कैच ने एक बार फिर से साबित कर दिया कि शमी क्यों अभी भी टीम इंडिया में रहना डिजर्व करते हैं. दूसरी पारी में शमी ने तीन विकेट लेकर बल्लेबाजों पर दबाव बनाए रखा वहीं पहली पारी में भी उन्होंने दो विकेट चटकाए थे.
बता दें दूसरी पारी में मोहम्मद शमी खुद ही गेंदबाजी कर रह रहे थे उन्होंने हर्ष दुबे को फुल लेंथ गेंद डाली और हर्ष दुबे ने उसे शमी की ओर ही बिलकुल सीधे खेल दिया. गेंद तेजी से नीचे आई, लेकिन शमी ने तुरंत अपनी सूझबूझ दिखाते हुए नीचे झुककर एक हाथ से ही उसे लपक लिया. कैच इतना शानदार था कि अब इसका वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा साथ ही इसकी जमकर तारीफ भी हो रही है.
मोहम्मद शमी ने अपनी ही गेंद पर हरश दुबे का शानदार एक हाथ से कैच लपककर उन्हें आउट किया।#mohammedshami #mohammadshami #shamicatch #shamionehandedcatch #harshdubey #cricket #cricketnews #indiancricket #teamindia #indiacricket #crickethighlights #cricketupdate #cricketfans… pic.twitter.com/ZZbZ4QhrJR
— India Daily 24x7 (@IndiaDaily_24X7) September 1, 2026
हर्ष दुबे का विकेट शमी की दूसरी पारी का तीसरा शिकार था. इससे पहले उन्होंने आर्यन जुयाल और यश राठौड़ को पवेलियन भेजा था. शमी के प्रभावी स्पेल और मुकेश कुमार की गेंदबाजी के कारण सेंट्रल जोन की पूरी पारी 158 रन पर सिमट गई. ईस्ट जोन के सामने अब फाइनल में पहुंचने के लिए 159 रन का लक्ष्य है.
शमी लंबे समय से भारतीय टीम में अपनी वापसी का इंतजार कर रहे हैं. घरेलू क्रिकेट में लगातार मेहनत करके वह चयनकर्ताओं का ध्यान खींच रहे हैं. 2023 वनडे वर्ल्ड कप में वह भारत के प्रमुख गेंदबाज के रूप में शामिल हुए थे. हालांकि चोट के कारण इसके बाद उन्हें लंबा ब्रेक लेना पड़ा. विश्व कप के बाद उनकी सर्जरी हुई. बाद में लंबे इंतजार के बाद उन्हें इंग्लैंड के खिलाफ सफेद गेंद की सीरीज और 2025 चैंपियंस ट्रॉफी में वापसी का मौका मिला. उसमे भी शमी ने अपना दमखम दिखाया. उन्होंने चैंपियंस ट्रॉफी में 9 विकेट अपने नाम किए थे.
घरेलू टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन के बाद भी मोहम्मद शमी की टीम इंडिया में वापसी नहीं हो पा रही है. वह लंबे समय से अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से दूर हैं. बोर्ड ने उन्हें फिटनेस और उम्र का हवाला देकर टीम में सेलेक्ट नहीं कर रही है.
हालांकि, घरेलू मुकाबलों में उनका प्रदर्शन बताता है कि अनुभव और फिटनेस दोनों उनके साथ हैं. दलीप ट्रॉफी में शमी के प्रदर्शन ने एक बार फिर से सेलेक्टर्स को सोचने पर मजबूर कर दिया है.