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सावधान! सस्ते IPL टिकट के चक्कर में खाली हो सकता है आपका अकाउंट, स्कैमर्स ऐसे बिछा रहे हैं जाल

सस्ते आईपीएल टिकट के नाम पर ऑनलाइन स्कैम बढ़ रहा है. स्कैमर्स फर्जी वेबसाइट और लिंक के जरिए लोगों से पैसे ठग रहे हैं. चलिए जानते हैं साइबर ठगी होने पर कहां शिकायत करें.

Km Jaya
Edited By: Km Jaya
सावधान! सस्ते IPL टिकट के चक्कर में खाली हो सकता है आपका अकाउंट, स्कैमर्स ऐसे बिछा रहे हैं जाल
Courtesy: Pinterest

नई दिल्ली: आईपीएल का रोमांच चरम पर है और लाखों फैंस अपने पसंदीदा खिलाड़ियों को स्टेडियम में लाइव देखने के लिए टिकट खरीद रहे हैं लेकिन इसी उत्साह का फायदा साइबर ठग उठा रहे हैं. सस्ते आईपीएल टिकट के नाम पर ऑनलाइन स्कैम तेजी से बढ़ रहा है और लोग हजारों रुपये गंवा रहे हैं.

हाल ही में अरुण जेटली स्टेडियम के बाहर दिल्ली और कोलकाता मैच से पहले कॉम्प्लिमेंट्री पास और टिकटों की अवैध बिक्री का मामला सामने आया था. पेट्रोल पंप के बाहर कुछ लोग मोटी रकम लेकर टिकट बेचते पकड़े गए. इसके बाद फर्जी टिकट और ऑनलाइन ठगी को लेकर चिंता बढ़ गई है.

कैसे बना रहे लोगों को निशाना?

स्कैमर्स सोशल मीडिया, व्हाट्सएप मैसेज, फर्जी वेबसाइट और नकली विज्ञापनों के जरिए लोगों को निशाना बनाते हैं. कई लोगों को मैसेज भेजे जाते हैं कि "50 प्रतिशत छूट पर आईपीएल टिकट उपलब्ध हैं" या "लास्ट कुछ सीटें बची हैं". लोग जल्दबाजी में इन ऑफर्स पर भरोसा कर लेते हैं.

इन फर्जी लिंक पर क्लिक करने के बाद यूजर्स से पेमेंट करवाई जाती है. कई बार उन्हें नकली कन्फर्मेशन मैसेज या ईमेल भी भेज दिए जाते हैं, जिससे लोगों को लगता है कि उनकी टिकट बुक हो गई है लेकिन मैच के दिन स्टेडियम पहुंचने पर पता चलता है कि टिकट फर्जी है और एंट्री नहीं मिलती.

लोगों से क्या की गई अपील?

इंडियन साइबर क्राइम कोऑर्डिनेशन सेंटर ने भी लोगों को इस तरह के स्कैम से सावधान रहने की अपील की है. एजेंसी ने कहा है कि टिकट खरीदते समय केवल आधिकारिक वेबसाइट या अधिकृत प्लेटफॉर्म का ही इस्तेमाल करें.

विशेषज्ञों का कहना है कि किसी अनजान लिंक, सोशल मीडिया विज्ञापन या डायरेक्ट मैसेज में आए ऑफर पर भरोसा नहीं करना चाहिए. "लिमिटेड सीट" या भारी डिस्काउंट जैसे दावे अक्सर लोगों पर दबाव बनाने के लिए किए जाते हैं.

कहां कर सकते हैं शिकायत?

अगर किसी व्यक्ति के साथ साइबर ठगी हो जाती है तो उसे तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करना चाहिए. इसके अलावा National Cyber Crime Reporting Portal पर जाकर शिकायत दर्ज की जा सकती है.

विशेषज्ञों ने कहा है कि सतर्कता ही सबसे बड़ा बचाव है. किसी भी टिकट को खरीदने से पहले वेबसाइट की जांच करें और केवल भरोसेमंद प्लेटफॉर्म का ही उपयोग करें.

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