नई दिल्ली: भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच चल रही तीन मैचों की वनडे सीरीज में विराट कोहली कमाल का प्रदर्शन कर रहे हैं. पहले दो मैचों में उन्होंने लगातार दो शतक ठोक दिए हैं. अब तीसरा और आखिरी वनडे 7 दिसंबर को विशाखापट्टनम में खेला जाएगा.
अगर विराट इस मैच में भी शतक जड़ देते हैं, तो वे 2018 में किए गए अपने ही ऐतिहासिक रिकॉर्ड की बराबरी कर लेंगे. सवाल यही है क्या किंग कोहली एक बार फिर इतिहास रच पाएंगे?
साल 2018 में वेस्टइंडीज के खिलाफ घरेलू वनडे सीरीज में विराट कोहली ने जो किया था, उसे आज भी क्रिकेट फैंस याद करते हैं. उस सीरीज में उन्होंने लगातार तीन मैचों में तीन शतक लगाए थे.
अगर विशाखापत्तनम में होने वाले तीसरे वनडे में विराट फिर से शतक बनाते हैं, तो यह दूसरी बार होगा जब उन्होंने किसी द्विपक्षीय वनडे सीरीज में लगातार तीन शतक जड़े होंगे.
ऐसा करने वाले वे भारत के पहले बल्लेबाज बन जाएंगे जिन्होंने दो अलग-अलग सीरीज में यह कारनामा दोहराया हो. अभी तक दुनिया में सिर्फ पाकिस्तान के तीन बल्लेबाज जहीर अब्बास, सईद अनवर और बाबर आजम ही दो-दो बार लगातार तीन वनडे में शतक लगा चुके हैं.
फखर जमान ने यह कमाल एक बार किया है. यानी विराट के पास न सिर्फ अपना रिकॉर्ड बराबर करने बल्कि विश्व क्रिकेट में अपना नाम और ऊंचा करने का मौका है.
विराट कोहली को विशाखापट्टनम का मैदान हमेशा रास आया है. इस मैदान पर उन्होंने अब तक सबसे ज्यादा रन बनाए हैं. 2011 से अब तक यहां खेले 7 वनडे मैचों में विराट ने 3 शतक और 2 अर्धशतक की मदद से कुल 587 रन ठोके हैं. उनका औसत यहां 100 से ऊपर रहा है.
पहले दो वनडे में विराट ने जिस तरह बल्लेबाजी की है, उससे साफ है कि उनकी फॉर्म पीक पर है. पहले मैच में नाबाद 121 और दूसरे में 140 रनों की शानदार पारियां खेलकर उन्होंने साबित कर दिया कि वे अभी भी वनडे क्रिकेट के बादशाह हैं. अब सिर्फ एक शतक की दूरी पर खड़े विराट के हौसले बुलंद हैं और फैंस को पूरा यकीन है कि वे यह कमाल कर दिखाएंगे.