एशियन क्रिकेट में भारत और पाकिस्तान के बीच तनातनी का असर अब सम्मान समारोहों तक भी दिखाई देने लगा है. महिला एशिया कप 2026 के फाइनल में भारत ने श्रीलंका को हराकर आठवीं बार खिताब जीता, लेकिन टीम ने ACC चेयरमैन मोहसिन नकवी से ट्रॉफी लेने से इनकार कर दिया. इससे पहले 2025 पुरुष एशिया कप में भी ऐसा ही हुआ था. अब एशियन गेम्स 2026 में दोनों भारतीय टीमें उतरेंगी, तो अब सवाल यह है कि क्या एशियन गेम्स में भी मोहसिन नकवी ही गोल्ड मेडल देंगे. इसे लेकर अब फैंस में असमंजस की स्थिति बनी हुई है.
एशियन गेम्स 19 सितंबर से 4 अक्टूबर तक जापान के आइची-नागोया में आयोजित होंगे. क्रिकेट भी प्रतियोगिता का हिस्सा है और भारत की पुरुष व महिला टीमें इसमें खेलेंगी. इस बहु-खेल आयोजन की जिम्मेदारी ओलंपिक काउंसिल ऑफ एशिया के पास है. विजेताओं को मेडल देने की प्रक्रिया भी निर्धारित प्रोटोकॉल के तहत होती है. इसमें OCA के अधिकृत अधिकारी, आयोजन समिति के प्रतिनिधि और संबंधित खेल के अधिकारी शामिल हो सकते हैं.
मोहसिन नकवी पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के चेयरमैन और ACC के प्रमुख हैं, लेकिन एशियन गेम्स की मेडल सेरेमनी ACC या PCB के अधिकार क्षेत्र में नहीं आती. ऐसे में भारतीय टीम के गोल्ड जीतने पर नकवी द्वारा खिलाड़ियों को मेडल पहनाने की संभावना नहीं है. समारोह OCA के नियमों के अनुसार होगा. यानी यहां ट्रॉफी विवाद जैसा फैसला लेने का सवाल भी नहीं उठता, क्योंकि सम्मान देने की व्यवस्था पहले से तय है.
चीन के हांगझोऊ में हुए 2022 एशियन गेम्स में भारत की पुरुष और महिला क्रिकेट टीमों ने स्वर्ण पदक हासिल किया था. उस समय मेडल और पुरस्कार एशियन गेम्स से जुड़े अधिकारियों ने प्रदान किए थे. यही पिछला उदाहरण इस बार भी तस्वीर काफी हद तक साफ करता है. इसलिए 2026 में अगर भारतीय टीमें अपना खिताब बचाने में सफल रहती हैं, तो मेडल वितरण तय खेल प्रोटोकॉल के तहत ही होने की उम्मीद है.
एशियन गेम्स के लिए भारत ने दोनों टीमों का ऐलान कर दिया है. हरमनप्रीत कौर की कप्तानी वाली महिला टीम 18 सितंबर को जापान के खिलाफ क्वार्टर फाइनल से अभियान शुरू करेगी. पुरुष टीम की कमान श्रेयस अय्यर के पास है और उसका पहला मुकाबला 28 सितंबर को क्वार्टर फाइनल में होगा. दोनों टीमें पिछली बार के गोल्ड को बरकरार रखने के लक्ष्य के साथ टूर्नामेंट में उतरेंगी.