Contraceptive Pill for Men: अब पुरुषों के लिए भी गर्भनिरोधक गोलियां (Contraceptive Pill) आ गई हैं! वैज्ञानिकों ने इस दिशा में एक बड़ी सफलता हासिल की है. इस दवा का नाम YCT-529 है, जो पुरुषों के लिए contraception के रूप में काम करेगी. यह गोली हार्मोन पर असर डालने के बजाय शुक्राणुओं (sperms) के निर्माण में अहम भूमिका निभाने वाले एक खास प्रोटीन के काम को रोकती है.
YCT-529 एक गैर-हार्मोनल दवा है, जो शुक्राणु निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले प्रोटीन को रोक देती है. यह प्रोटीन विशेष रूप से रेटिनोइक एसिड (विटामिन ए का रूप) के काम को बाधित करता है, जो अंडकोष (testicles) में शुक्राणुओं के विकास के लिए जरूरी होता है. इस दवा का पहला ह्यूमन ट्रायल सफल रहा है और अब दो और ट्रायल किए जाएंगे. उसके बाद इसे सरकारी नियामक से मंजूरी मिलने के बाद बाजार में उपलब्ध कराया जाएगा.
पहले यह डर था कि दवा लेने के बाद पुरुषों में मूड या यौन इच्छा में कमी आ सकती है, लेकिन ट्रायल में ऐसा कुछ नहीं देखा गया. न ही टेस्टोस्टेरोन या अन्य हार्मोन के स्तर में कोई गिरावट आई और न ही मूड या यौन इच्छा में कोई बदलाव आया. इस दवा का कोई साइड इफेक्ट भी नहीं पाया गया. यहां तक कि इसकी सबसे ज्यादा खुराक यानी 180 मिलीग्राम को भी शरीर ने अच्छे से सहन किया.
YCT-529 गोली को खाने के साथ या बिना खाए लिया जा सकता है, क्योंकि इससे दवा के प्रभाव में कोई बड़ा अंतर नहीं आता. इसे न्यूयॉर्क के कोलंबिया यूनिवर्सिटी और बायोफार्मास्युटिकल कंपनी योर च्वाइस ने मिलकर विकसित किया है. चूहों और नर बंदरों पर पहले किए गए टेस्ट में यह दवा 99% असरदार पाई गई थी. इन जानवरों में दवा बंद करने के बाद प्रजनन क्षमता फिर से सामान्य हो गई थी.
इस दवा के ट्रायल में कुल 16 स्वस्थ पुरुषों को शामिल किया गया था. सभी प्रतिभागियों पर बारीकी से निगरानी रखी गई, ताकि यह देखा जा सके कि दवा के कोई दुष्प्रभाव तो नहीं हो रहे हैं. इस सफलता ने पुरुषों के लिए एक नई और सुरक्षित गर्भनिरोधक विधि का मार्ग खोला है, जो लंबे समय तक इस्तेमाल के लिए उपयुक्त हो सकती है.
यह दवा पुरुषों के लिए गर्भनिरोधक गोलियों के क्षेत्र में एक नई क्रांति लेकर आई है. हार्मोनल प्रभावों से मुक्त यह गोली न केवल सुरक्षित है, बल्कि इसे नियमित रूप से इस्तेमाल किया जा सकता है. अब पुरुष भी गर्भनिरोधक में अपनी भूमिका निभा सकते हैं, जिससे महिलाओं पर दबाव कम होगा और उन्हें भी विकल्प मिलेगा.