ईरान युद्ध के बीच स्विट्जरलैंड का बड़ा फैसला, अमेरिका को हथियारों की सप्लाई रोकी
स्विट्जरलैंड ने ईरान युद्ध के मद्देनजर अपनी तटस्थता की नीति का हवाला देते हुए अमेरिका को नए हथियारों के निर्यात पर रोक लगा दी है. सरकार ने कहा कि फिलहाल अमेरिका के लिए युद्ध सामग्री के निर्यात लाइसेंस जारी नहीं किए जाएंगे.
नई दिल्ली: स्विट्जरलैंड ने अपनी सख्त तटस्थता नीति के तहत अमेरिका को नए हथियारों के निर्यात पर अस्थायी रोक लगा दी है. सरकार ने शुक्रवार को कहा कि मध्य पूर्व में जारी अंतरराष्ट्रीय सशस्त्र संघर्ष में अमेरिका की सक्रिय भागीदारी को देखते हुए फिलहाल कोई नया लाइसेंस जारी नहीं किया जा रहा है. यह फैसला 28 फरवरी को संघर्ष बढ़ने के बाद लिया गया है.
इससे पहले स्विट्जरलैंड ने ईरान युद्ध से जुड़ी अमेरिकी सैन्य उड़ानों के लिए अपना हवाई क्षेत्र भी बंद कर दिया था. सरकार ने स्पष्ट किया था कि सामान्य संख्या से अधिक अमेरिकी ओवरफ्लाइट्स को तभी अनुमति दी जाएगी जब उनका उद्देश्य स्पष्ट हो और संघर्ष से जुड़ा न हो. यह कदम स्विट्जरलैंड की तटस्थता की परंपरा को बनाए रखने के लिए उठाया गया है.
अमेरिका है दूसरा सबसे बड़ा ग्राहक
स्विस सरकार के आंकड़ों के मुताबिक, पिछले साल अमेरिका स्विट्जरलैंड के हथियारों का दूसरा सबसे बड़ा आयातक था. कुल निर्यात का करीब 10 फीसदी हिस्सा अमेरिका जाता था. ये आपूर्ति करीब 94.2 मिलियन फ्रैंक (करीब 119 मिलियन डॉलर) की थी, जिसमें मुख्य रूप से हवाई वाहन, गोला-बारूद और हैंडगन शामिल थे.
मौजूदा लाइसेंस पर क्या होगा?
सरकार ने कहा कि पहले से जारी लाइसेंस फिलहाल युद्ध से जुड़े नहीं पाए गए हैं, इसलिए उनका इस्तेमाल जारी रह सकता है. हालांकि एक विशेषज्ञ समूह नियमित रूप से अमेरिका को निर्यात की जाने वाली सामग्री की समीक्षा करेगा और तटस्थता कानून के तहत जरूरी कार्रवाई का आकलन करेगा.
स्विस हथियार निर्माताओं पर असर
स्विट्जरलैंड की तटस्थता नीति लंबे समय से उसके हथियार निर्माताओं के लिए चुनौती रही है. सरकार ने मित्र देशों को यूक्रेन में स्विस हथियार भेजने से भी रोक दिया था. इससे स्थानीय निर्माता यूरोप में रक्षा सौदों से चूक गए. दिसंबर में संसद ने नियमों में ढील दी थी, लेकिन यह अभी लागू नहीं हुआ है. अप्रैल मध्य तक जनमत संग्रह की संभावना बनी हुई है.