Switzerland Glacier Collapse: स्विट्जरलैंड के वैलेस एरिया में बर्च ग्लेशियर का एक हिस्सा टूट गया. इससे भूस्खलन हुआ जिससे अल्पाइन गांव ब्लैटन में भारी तबाही मच गई. यह खतरनाक घटना 28 मई को हुई, जब पहाड़ से भारी मात्रा में मिट्टी, चट्टानें और बर्फ बहकर आई. इससे गांव का लगभग 90% हिस्सा ढक गया. ऐसा माना जा रहा है कि निचले इलाकों में और भी नुकसान हो सकता है.
ब्लैटन एक छोटा सा गांव है जिसमें लगभग 300 लोग रहते हैं. जब वैज्ञानिकों ने ग्लेशियर में दरारें बनती देखीं तो उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि जल्द ही ग्लेशियर ढह सकता है. ऐसे में इस महीने की शुरुआत में ही ग्रामीणों को निकाल लिया गया था. हालांकि, इस दौरान एक व्यक्ति लापता है जिसकी अभी तक कोई पुष्टि नहीं हो पाई है. इस व्यक्ति को ढूंढा जा रहा है.
Breaking:
A glacier collapse has buried the Swiss village of Blatten under mud. 💔
The Lonza River is dammed and large parts of the town have been evacuated.
Tragic — but thanks to early warnings from scientists, lives were likely saved.#Switzerland #Blatten #ClimateCrisis… pic.twitter.com/ryxn8NlALL— The Curious Quill (@PleasingRj) May 29, 2025Also Read
लोगों की तो जान बच गई, लेकिन गांव को बहुत नुकसान हुआ है. घाटी में अब लगभग नौ मिलियन मीट्रिक टन मलबा जमा हो गया है, जिससे यह रहने लायक नहीं रह गई है. भूस्खलन ने लोन्जा नदी का एक हिस्सा भी दफन कर दिया है, जो अगर पानी ठीक से नहीं बहा पाया तो बाढ़ का कारण बन सकता है. आस-पास के अन्य गांवों को भी सुरक्षित रहने के लिए खाली कराया जा रहा है.
Aerial footage of Blatten in Switzerland after glacier collapse. pic.twitter.com/TsmSXhUgIa
— Disasters Daily (@DisastersAndI) May 29, 2025
ब्लैटन के मेयर मैथियास बेलवाल्ड ने कहा, "हमने गांव खो दिया है, लेकिन दिल नहीं." साथ ही वादा किया कि समुदाय इस आपदा के दौरान एक-दूसरे का साथ देगा. विशेषज्ञ ग्लेशियर के ढहने के लिए जलवायु परिवर्तन को जिम्मेदार ठहराते हैं. पिछले कुछ वर्षों में, आल्प्स में ग्लेशियर तेजी से पिघल रहे हैं. केवल दो वर्षों में, स्विट्जरलैंड ने अपने ग्लेशियर की मात्रा का 10% खो दिया है. यह पिघलना भूमि को और ज्यादा अस्थिर बनाता है और इस तरह की आपदाओं के जोखिम को बढ़ाता है.