ईरान के हमलों से जल उठा दोहा का आसमान, कतर के एयर डिफेंस सिस्टम ने रोकी मिसाइलें
हमले से कुछ घंटे पहले कतर के प्रधानमंत्री शेख मोहम्मद बिन अब्दुलरहमान अल थानी ने ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची से फोन पर बातचीत की थी.
मध्य पूर्व में जारी तनाव के बीच कतर की राजधानी दोहा में गुरुवार को अचानक कई धमाकों की आवाज सुनाई दी. कतर के रक्षा मंत्रालय ने पुष्टि की कि देश के एयर डिफेंस सिस्टम ने राजधानी के ऊपर किए गए मिसाइल हमले को इंटरसेप्ट किया. आसमान में हुए इन धमाकों से शहर में कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया.
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दोहा के आसमान में कई जोरदार विस्फोट हुए और दूर क्षितिज पर काले धुएं का गुबार उठता दिखाई दिया. स्थानीय लोगों ने बताया कि धमाकों के बाद सुरक्षा एजेंसियां तुरंत सक्रिय हो गईं और शहर में आपात कदम उठाए गए.
खाड़ी देशों को निशाना बना रहा ईरान
बताया जा रहा है कि यह हमला उस बड़े संघर्ष का हिस्सा है जो हाल ही में अमेरिका और इजरायल के ईरान पर किए गए हवाई हमलों के बाद शुरू हुआ है. इन हमलों के जवाब में ईरान ने खाड़ी क्षेत्र के कई देशों को निशाना बनाते हुए मिसाइल और ड्रोन हमले शुरू किए हैं.
अब तक हजारों लोगों की मौत
रिपोर्ट के मुताबिक, पिछले शनिवार से अब तक इस संघर्ष में हजारों हमले हो चुके हैं. ईरान की राहत एजेंसी रेड क्रिसेंट का कहना है कि अमेरिकी और इजरायली हमलों में अब तक एक हजार से ज्यादा लोगों की जान जा चुकी है.
खाड़ी क्षेत्र में बढ़ी सुरक्षा
मध्य पूर्व में तेजी से बिगड़ते हालात को देखते हुए कई देशों ने अपने नागरिकों को सुरक्षित निकालने की तैयारी शुरू कर दी है. ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड और कई यूरोपीय देशों ने सैन्य और चार्टर विमानों के जरिए अपने नागरिकों को वापस लाने की प्रक्रिया तेज कर दी है.
इसी बीच ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड ने दावा किया है कि उनकी नौसेना ने उत्तरी खाड़ी में एक अमेरिकी तेल टैंकर को निशाना बनाया, जिससे जहाज में आग लग गई.
कतर और ईरान के बीच बढ़ी कूटनीतिक बातचीत
हमले से कुछ घंटे पहले कतर के प्रधानमंत्री शेख मोहम्मद बिन अब्दुलरहमान अल थानी ने ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची से फोन पर बातचीत की थी. यह बातचीत मिसाइल और ड्रोन हमलों के शुरू होने के बाद दोनों देशों के बीच पहली उच्चस्तरीय बातचीत मानी जा रही है.
कतर के विदेश मंत्रालय के मुताबिक, कतर के प्रधानमंत्री ने ईरान पर आरोप लगाया कि वह अपने पड़ोसी देशों को नुकसान पहुंचाने की कोशिश कर रहा है और उन्हें ऐसे युद्ध में खींचना चाहता है, जो उनका नहीं है.
पूरे मध्य पूर्व में बढ़ रहा युद्ध का खतरा
लगातार हो रहे मिसाइल और ड्रोन हमलों से पूरे खाड़ी क्षेत्र में तनाव बढ़ गया है. विशेषज्ञों का मानना है कि अगर यह टकराव जल्द नहीं रुका तो इसका असर पूरे मध्य पूर्व की सुरक्षा और वैश्विक अर्थव्यवस्था पर भी पड़ सकता है.