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India Daily

'अमेरिका उन्हें धरती से मिटा देगा', ईरान को हत्या की साजिश रचने पर ट्रंप की चेतावनी

डोनाल्ड ट्रंप ने चेतावनी दी है कि अगर ईरान ने उनकी हत्या कराई तो अमेरिका ईरान को पूरी तरह खत्म कर देगा. खामेनेई पर बयान और ईरान की धमकियों के बाद दोनों देशों के बीच तनाव चरम पर पहुंच गया है.

Km Jaya
Edited By: Km Jaya
'अमेरिका उन्हें धरती से मिटा देगा', ईरान को हत्या की साजिश रचने पर ट्रंप की चेतावनी
Courtesy: @narrative_pk x account

नई दिल्ली: अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर बेहद खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि अगर ईरान ने उनकी हत्या कराने की कोशिश की, तो अमेरिका ईरान का नामोनिशान मिटा देगा. ट्रंप का यह बयान ऐसे समय आया है, जब दोनों देशों के बीच बयानबाजी और धमकियों का दौर तेज हो गया है.

ट्रंप ने यह बात कार्यक्रम ‘केटी पॉवलिच टुनाइट’ को दिए इंटरव्यू में कही. उन्होंने कहा कि उन्होंने पहले ही अपने सलाहकारों को सख्त निर्देश दे रखे हैं. ट्रंप के मुताबिक अगर उनके साथ कुछ भी होता है, तो ईरान को पूरी तरह खत्म कर दिया जाएगा. इससे पहले ईरान की ओर से भी तीखी प्रतिक्रिया सामने आई थी.

ईरान के सशस्त्र बलों के प्रवक्ता ने क्या कहा?

ईरान के सशस्त्र बलों के प्रवक्ता जनरल अबुलफजल शेकारची ने कहा कि अगर ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की ओर किसी ने हाथ भी बढ़ाया, तो ईरान कड़ा जवाब देगा. उन्होंने कहा कि ऐसा करने वालों की दुनिया में आग लगा दी जाएगी. दरअसल कुछ दिन पहले डोनाल्ड ट्रंप ने खामेनेई के लगभग 40 साल के शासन को समाप्त करने की बात कही थी.

ट्रंप को क्या दी चेतावनी?

इसके बाद ईरान की तरफ से ट्रंप को चेतावनी दी गई. ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान ने भी अमेरिका पर गंभीर आरोप लगाए. उन्होंने कहा कि ईरान की जनता की परेशानियों के लिए अमेरिका और उसके सहयोगियों की दुश्मनी और अमानवीय प्रतिबंध जिम्मेदार हैं.

उन्होंने यह भी साफ किया कि सुप्रीम लीडर के खिलाफ किसी भी तरह की कार्रवाई को ईरान पूर्ण युद्ध मानेगा. इससे पहले ट्रंप ने ‘पॉलिटिको’ को दिए एक इंटरव्यू में खामेनेई को बीमार व्यक्ति कहा था.

ट्रंप ने क्या लगाया था आरोप?

ट्रंप ने आरोप लगाया था कि ईरानी नेतृत्व अपने ही लोगों पर अत्याचार कर रहा है. उन्होंने कहा था कि ईरान में नए नेतृत्व की जरूरत है. ईरान में खराब आर्थिक हालात और महंगाई के खिलाफ 28 दिसंबर से विरोध प्रदर्शन शुरू हुए थे.

इन प्रदर्शनों को दबाने के लिए अधिकारियों की हिंसक कार्रवाई के बाद हालात और बिगड़ गए. इसके बाद से अमेरिका और ईरान के रिश्तों में लगातार कड़वाहट बढ़ती जा रही है.