मिस्र की एक अदालत ने लोकप्रिय टीवी प्रेजेंटर और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर 39 वर्षीय सारा खलीफा को फांसी की सजा सुनाई है. सारा पर एक संगठित आपराधिक गिरोह का हिस्सा बनकर अवैध ड्रग्स बनाने और उनकी तस्करी करने का गंभीर आरोप साबित हुआ है.
मिस्र की राजधानी काहिरा में स्थित दो फ्लैटों पर पुलिस ने छापेमारी कर छिपाकर बनाई गई ड्रग्स लैबोरेट्रीज का पर्दाफाश किया. इस कार्रवाई के दौरान अधिकारियों ने 750 किलोग्राम से अधिक सिंथेटिक ड्रग्स, कच्चा रसायन, अवैध हथियार और कारतूस बरामद किए.
इंस्टाग्राम पर 25 लाख से अधिक फॉलोअर्स वाली सारा खलीफा मिस्र में अपराध पर आधारित लोकप्रिय शो "मिशन इम्पॉसिबल" को होस्ट करने के लिए जानी जाती थीं. अभियोजकों के अनुसार, सारा इस गिरोह को आर्थिक मदद देती थीं और विदेशों में जाकर अंतरराष्ट्रीय ड्रग माफियाओं से संपर्क साधती थीं.
मामले में कुल 28 आरोपियों में से सारा समेत 12 लोगों को फांसी, नौ को उम्रकैद और सात को बरी कर दिया गया. मिस्र के कानून के तहत देश के ग्रैंड मुफ्ती की गैर-बाध्यकारी सलाह प्राप्त करने के बाद शनिवार को इन मृत्युदंड की आधिकारिक घोषणा की गई.
मौत की सजा के अलावा सारा और अन्य आरोपियों को एक युवक के अपहरण और शारीरिक उत्पीड़न के अलग मामले में 5 साल की जेल भी सुनाई गई है. हालांकि, सारा ने सभी आरोपों को खारिज किया है और उनके पास देश की अपील अदालत (कोर्ट ऑफ कैसेशन) में इस फैसले को चुनौती देने का अधिकार है.