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India Daily

'कोरोना काल की तरह इस आपदा से भी निकल जाएंगे...', मिडिल ईस्ट तनाव के बीच ऊर्जा संकट पर बोले PM मोदी

पीएम मोदी ने राज्य सरकारों से अपील करते हुए कहा कि ऐसे संकट के समय में कालाबाजारी और जमाखोरी को रोकने के लिए सख्त निगरानी जरूरी है.

Anuj
Edited By: Anuj
'कोरोना काल की तरह इस आपदा से भी निकल जाएंगे...', मिडिल ईस्ट तनाव के बीच ऊर्जा संकट पर बोले PM मोदी
Courtesy: @BJP4India

नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक शिखर सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि मौजूदा समय में पूरी दुनिया कई गंभीर चुनौतियों का सामना कर रही है, लेकिन इन परिस्थितियों के बीच भी भारत लगातार तेज गति से प्रगति कर रहा है. उन्होंने कहा कि वैश्विक स्तर पर जारी संघर्षों और युद्धों का असर लगभग हर देश पर पड़ा है और ऊर्जा क्षेत्र में बड़ा संकट पैदा हुआ है.

प्रधानमंत्री ने कहा कि पश्चिम एशिया में चल रहे भीषण युद्ध के कारण पूरी दुनिया ऊर्जा संकट की स्थिति से जूझ रही है. ऐसे समय में भारत के लिए यह बेहद महत्वपूर्ण है कि वह अपनी ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत बनाए रखे. उन्होंने कहा कि सरकार देश की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने और आपूर्ति श्रृंखला को सुचारु बनाए रखने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है.

पीएम मोदी ने की अपील

पीएम मोदी ने राज्य सरकारों से अपील करते हुए कहा कि ऐसे संकट के समय में कालाबाजारी और जमाखोरी को रोकने के लिए सख्त निगरानी जरूरी है. उन्होंने कहा कि इस चुनौती से निपटने में केवल सरकार ही नहीं बल्कि राजनीतिक दलों, मीडिया, युवाओं और समाज के हर वर्ग की महत्वपूर्ण भूमिका है. शहरों और गांवों दोनों स्तरों पर सतर्कता बनाए रखना जरूरी है.

'140 करोड़ नागरिकों पर पूरा भरोसा है'

प्रधानमंत्री ने कहा कि उन्हें देश के 140 करोड़ नागरिकों पर पूरा भरोसा है. जिस तरह भारत ने कोरोना महामारी के कठिन दौर का सामना किया और उससे बाहर निकले, उसी तरह देश इस वैश्विक संकट से भी मजबूती से उबर जाएगा. उन्होंने कहा कि सरकार का संकल्प स्पष्ट है कि दुनिया के अलग-अलग हिस्सों में चल रहे युद्धों का असर भारतीय नागरिकों के जीवन पर कम से कम पड़े. 

'कई देशों के नेताओं से बातचीत की'

पीएम मोदी ने बताया कि इस मुद्दे पर उन्होंने कई देशों के नेताओं से बातचीत की है और ऊर्जा आपूर्ति में आने वाली बाधाओं को दूर करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं. सरकार का लक्ष्य है कि वैश्विक संकट का बोझ किसानों और आम लोगों पर न पड़े. 

'भारत निरंतर आगे बढ़ रहा है'

प्रधानमंत्री ने कहा कि आज दुनिया के कई बड़े नेता और विशेषज्ञ यह मानते हैं कि भारत वैश्विक स्तर पर एक महत्वपूर्ण केंद्र बनता जा रहा है. उन्होंने कहा कि यदि कोई देश भविष्य की वैश्विक व्यवस्था का हिस्सा बनना चाहता है, तो उसे भारत के साथ जुड़ना होगा. उन्होंने कहा कि दुनिया भले ही कठिन दौर से गुजर रही हो, लेकिन भारत निरंतर आगे बढ़ रहा है. यही कारण है कि वैश्विक चुनौतियों के बीच भी कई देश भारत से उम्मीदें लगाए बैठे हैं. प्रधानमंत्री ने कहा कि दुनिया की इन उम्मीदों के साथ भारत की जिम्मेदारियां भी पहले से अधिक बढ़ गई हैं.