नई दिल्ली: दिल्ली शराब नीति मामले में ED की ओर से दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को तलब करने के बाद केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने करारा हमला बोला है. धर्मेंद्र प्रधान ने तंज कसते हुए कहा कि जो लोग सार्वजनिक जवाबदेही की बात करते थे, वे अपने भ्रष्टाचार को छिपाने के लिए हथकंडे अपना रहे हैं.
केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने बड़ा बयान जारी करते हुए कहा कि जो लोग सार्वजनिक जवाबदेही की बात करते थे वे अपने भ्रष्टाचार को छुपाने के लिए हथकंडे अपना रहे हैं. उन्होंने इसे मजाक बना दिया है. चोरी करने वालों को एजेंसियों का सामना करना पड़ता है. कुछ लोग सोचते हैं कि वे कानून से ऊपर हैं लेकिन चाहे वे कितने भी शक्तिशाली क्यों न हों, उन्हें इसके प्रति सम्मान दिखाना होगा. आज पारदर्शिता इतनी बढ़ गई है कि चाहे अरविंद केजरीवाल हों या राहुल गांधी, कोई भी बच नहीं सकता.
अरविंद केजरीवाल इससे पहले 2 समन को दरकिनार कर चुके हैं और अब तक ईडी के सामने पेश नहीं हुए हैं. सीएम केजरीवाल को सबसे पहले केंद्रीय एजेंसी ने 2 नवंबर को पेश होने के लिए बुलाया था, लेकिन उन्होंने यह आरोप लगाते हुए गवाही नहीं दी कि नोटिस अवैध और राजनीति से प्रेरित है. यह नोटिस बीजेपी के आदेश पर भेजा गया है.
उसके बाद 18 दिसंबर को इस मामले में ईडी ने केजरीवाल को तलब किया था और उन्हें 21 दिसंबर को पूछताछ के लिए केंद्रीय एजेंसी के सामने पेश होने के लिए कहा था. उन्होंने पिछली बार की तरह इस बार भी ED के समन गैरकानूनी करार देते हुए केंद्रीय एजेंसी के सामने पेश होने से इंकार कर दिया और विपश्यना केंद्र चले गए. उसके बाद ईडी ने बीते शुक्रवार को दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को समन जारी किया और उन्हें 3 जनवरी को केंद्रीय एजेंसी के सामने पेश होने के लिए कहा है.