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India Daily

NEET UG पेपर लीक पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, बोला- NTA ने नहीं लिया सबक, 3 दिन में हलफनामा दाखिल करने के आदेश

NEET UG पेपर लीक मामले में सुप्रीम कोर्ट ने NTA को फटकार लगाते हुए कहा कि पेपर लीक के बाद भी एजेंसी ने कोई सबक नहीं लिया. कोर्ट ने केंद्र सरकार और CBI से जवाब मांगा है और NTA को हलफनामा दाखिल करने का आदेश दिया है.

Dhiraj Kumar Dhillon
NEET UG पेपर लीक पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, बोला- NTA ने नहीं लिया सबक, 3 दिन में हलफनामा दाखिल करने के आदेश
Courtesy: pinterest

NEET UG पेपर लीक मामले में सर्वोच्च न्यायालय ने सख्त टिप्पणी की है. ‌कोर्ट ने कहा- बड़े दुख की बात है कि पेपर लीक होने के बाद भी नेशनल टैस्टिंग एजेंसी (एनटीए) ने कोई सबक नहीं लिया गया. सोमवार को अदालत एनटीए को भंग करने की मांग वाली याचिका पर सुनवाई कर रही थी. मामले में कोर्ट ने केंद्र सरकार और सीबीआई से जवाब तलब किया है. मामले की सुनवाई 29 मई तक के लिए स्थगित कर दी गई है. लाइव लॉ के मुताबिक कोर्ट ने कहा कि यह लाखों छात्रों के भविष्य से जुड़ा बहुत ही संवेदनशील मुद्दा है. इस तरह परीक्षा का पेपर लीक और फिर परीक्षा रद्द होना दुखद है.

एनटीए को एफिडेविट फाइल करने के आदेश

जस्टिस पीएस नरसिम्हा और जस्टिस आलोक अराधे की स्पेशल बेंच एनटीए को भंग कर उसके स्थान पर स्वतंत्र और सश्क्त एजेंसी के गठन वाली याचिका पर सुनवाई कर रही है. कोर्ट ने सोमवार को एनटीए से 2024 पेपर लीक के बाद कोर्ट द्वारा जारी किए गए निर्देशों के पालन पर एफिडेविट फाइल करने के आदेश दिए हैं. इस एफिडेविट में 14 नवंबर, 2024 को गठित निगरानी समिति की स्थिति स्पष्ट करने का कहा गया है.

डॉ. एके राधाकृष्णन भी दाखिल करेंगे हलफनामा

लाइव लॉ की रिपोर्ट के मुताबिक कोर्ट ने निगरानी समि‌ति के पूर्व अध्यक्ष डॉ. एके राधाकृष्णन को भी हलफनामा दाखिल करने को कहा गया है, जिसमें हाई पावर कमेटी को दिए गए आदेशों का पालन करने की विस्तृत जानकारी दी जाए. हलफनामा दाखिल करने के लिए कोर्ट ने तीन दिन का समय दिया गया है.

छात्र परेशान, राजनीतिक मुद्दा बना

बता दें कि नीट यूजी का पेपर लीक होने और परीक्षा रद्द होने के बाद छात्र परेशान हैं, आत्महत्या कर रहे हैं, कई अभिभावक अपने बच्चों को कर्ज लेकर डॉक्टरी की पढ़ाई की तैयारी कराते हैं, ऐसे छात्रों के सामने परीक्षा रद्द होना किसी संकट से कम नहीं है. इसके अलावा मामला राजनीतिक रूप से भी तूल पकड़ रहा है. विपक्ष शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहा है.