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India Daily

बारामती का 'लाल' पंचतत्व में हुआ विलीन, अजित पवार के अंतिम संस्कार में शामिल हुए शाह-गडकरी समेत कई दिग्गज नेता

अजित पवार का विमान हादसे में निधन हो गया. जिसके बाद आज उनका अंतिम संस्कार विद्या प्रतिष्ठान मैदान में किया गया. बारामती में उनके बेटे पार्थ और जय ने सभी आखिरी रस्मों को निभाया.

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Edited By: Shanu Sharma
बारामती का 'लाल' पंचतत्व में हुआ विलीन, अजित पवार के अंतिम संस्कार में शामिल हुए शाह-गडकरी समेत कई दिग्गज नेता
Courtesy: X (@MukAn_X)

महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम अजित पवार का विमान हादसे में निधन हो गया. जिसके बाद आज यानी गुरुवार को उनका अंतिम संस्कार विद्या प्रतिष्ठान मैदान में किया गया. इस दौरान राजनीतिक जगत के कई वरिष्ठ नेता पहुंचे. अजित पवार बारामती चुनाव प्रचार के लिए जा रहे थे, इसी दौरान यह हादसा हुआ. 

एनसीपी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने दादा अमर रहें का नारा लगाया. वहीं उनके परिवार आखिरी रस्मों के दौरान काफी भावुक नजर आए. पवार का इस तरीके से जाना पूरे देश के लिए गहरा सदमा है. उनके परिवार में मातम पसरा हुआ है. अभी भी उनके शुभ चिंतक इस घटना को पूरी तरह से मान नहीं पा रहे हैं. 

अंतिम संस्कार में पहुंचे कई वरिष्ठ नेता

अजित पवार के दोनों बेटे पार्थ और जय ने मिलकर उनके अंतिम संस्कार के सभी रस्मों को पूरा किया. हालांकि इस दौरान उनके हजारों समर्थकों ने अजीत दादा अमर रहें के नारे लगाए. इससे पहले सैकड़ों लोग शोक मनाने उनके पैतृक गांव के आवास पर उन्हें श्रद्धांजलि देने पहुंचे थे. अजित पवार के अंतिम यात्रा के दौरान केंद्रीय मंत्री अमित शाह, नितिन गडकरी, रामदास अठावले, भाजपा प्रमुख नितिन नबीन और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडवीस भी मौजूद रहें. सभी नेताओं ने पवार के पार्थिव शरीर को पहले पुष्पचक्र अर्पित किया. जिसके बाद पार्थ और जय ने पिता को मुख अग्नि दी. इस त्रासदी के बाद लोगों में शोक की लहर है. 

अब आगे क्या?

एनसीपी नेता का विमान जमीन से 200 मीटर की दूरी दुर्घटनाग्रस्त हुआ. इस घटना में अजित पवार के साथ अन्य पांच लोग भी मारे गए. जिसमें कैप्टन सुमित कपूर, सह-पायलट कैप्टन शाम्भवी पाठक और उनका पीएसओ और फ्लाइट अटेंडेंट पिंकी भी शमिल थी. पुलिस ने इसे एक्सीडेंटल डेथ के रूप में माना है. अजित पवार के आकास्मिक निधन से ना केवल एनसीपी बल्कि महाराष्ट्र की राजनीति में भी हलचल मच गया. सभी के मन में यही सवाल है कि अब पार्टी की कमान किसके हाथों में आएगी. लोग यह सवाल कर रहे हैं कि क्या दोनों एनसीपी एक बार फिर से एक हो जाएगी या कोई और फैसला लिया जाएगा. हालांकि इस घटना के बारे में और भी ज्यादा अच्चे से समझने के लिए ब्लैक बॉक्स की जांच की जा रही है. इससे और भी कई खुलासे हो सकते हैं.