Lok Sabha Elections 2024: पश्चिम बंगाल की एक लोकसभा सीट पर पूर्व दंपत्ति के बीच मुकाबला देखने को मिलेगा. पूर्व दंपत्ति में से पति रहे सौमित्र खान को भाजपा ने जबकि पत्नी रहीं सुजाता मंडल को टीएमसी ने टिकट दिया है. दोनों बिष्णुपुर की लोकसभा सीट पर आमने सामने होंगे. दोनों के बीच 2021 में हुए बंगाल विधानसभा चुनाव के पहले तलाक हुआ था. अब ये पूर्व जोड़ा चुनावी रण में एक दूसरे को टक्कर देता दिखेगा.
बंगाल में लोकसभा चुनाव के लिए ममता बनर्जी ने रविवार को सभी 42 सीटों के लिए अपने उम्मीदवारों की घोषणा की. इसमें एक नाम सुजाता मंडल का भी है, जिन्हें तृणमूल कांग्रेस ने बिष्णुपुर सीट से अपनी उम्मीदवार बनाया. इस सीट से भाजपा ने पहले ही सौमित्र खान के रूप में अपने उम्मीदवार की घोषणा कर दी थी, जो सुजाता मंडल के पूर्व पति हैं. भाजपा ने इस महीने की शुरुआत में जारी अपनी पहली लिस्ट में सौमित्र को अपना उम्मीदवार बनाया था.
कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि सुजाता मंडल के टीएमसी ज्वाइन करने के बाद सौमित्र खान खफा थे और उन्होंने सुजाता को तलाक दे दिया था. तलाक की घोषणा भी उन्होंने कैमरे पर की थी. 2019 लोकसभा चुनाव के पहले सौमित्र खान टीएमसी के ही नेता थे, लेकिन पिछले आम चुनाव के ठीक पहले वे भाजपा में शामिल हो गए थे और बिष्णुपुर से भाजपा के टिकट पर चुनाव भी लड़ा. उस दौरान सुजाता मंडल ने उनके लिए चुनाव प्रचार भी किया था.
ममता बनर्जी ने रविवार को राज्य की सभी 42 लोकसभा सीटों के लिए प्रत्याशियों का ऐलान कर दिया, जिससे ये साफ हो गया कि बंगाल में कांग्रेस और टीएमसी के बीच गठबंधन टूट गया है. ममता बनर्जी के इस कदम पर कांग्रेस ने अपनी प्रतिक्रिया भी दी. कांग्रेस ने कहा कि इंडियन नेशनल कांग्रेस ने बार-बार पश्चिम बंगाल में टीएमसी के साथ एक सम्मानजनक सीट-बंटवारे समझौते की इच्छा व्यक्त की. कांग्रेस ने हमेशा कहा है कि इस तरह के समझौते को बातचीत के माध्यम से अंतिम रूप दिया जाना चाहिए, न कि एकतरफा घोषणाओं से.
टीएमसी ने 42 सीटों पर जिन प्रत्याशियों को उतारा है, उनमें से 8 प्रत्याशी ऐसे हैं, जिन्हें मौजूदा सांसदों का टिकट काटकर चुनावी मैदान में उतारा गया है. पार्टी ने पूर्व क्रिकेटर यूसुफ पठान और कीर्ति आज़ाद जैसे कई नए चेहरों को भी मौका दिया है. यूसुफ पठान बहरामपुर लोकसभा सीट से तृणमूल के कट्टर प्रतिद्वंद्वी कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी के खिलाफ चुनाव लड़ेंगे.
बहरामपुर सीट से पांच बार जीत दर्ज करने वाले अधीर रंजन चौधरी ने टीएमसी की लिस्ट पर अपनी प्रतिक्रिया दी. उन्होंने कहा कि किसी भी राजनीतिक दल को ममता बनर्जी पर भरोसा नहीं करना चाहिए. अधीर रंजन चौधरी ने ये भी कहा कि ममता बनर्जी को डर है कि अगर वह भारत गठबंधन में बनी रहीं, तो पीएम मोदी नाखुश होंगे. उन्होंने बड़ा आरोप लगाते हुए ये भी कहा कि तृणमूल कांग्रेस भाजपा की "बी टीम" है.