आईपीएल के पहले चेयरमैन और संस्थापक ललित मोदी ने कहा है कि वह करीब 16 साल बाद भारत लौटने की तैयारी कर रहे हैं. 2009 में दक्षिण अफ्रीका में आयोजित आईपीएल से जुड़े विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम मामले में अपीलीय न्यायाधिकरण से राहत मिलने के बाद उन्होंने यह घोषणा की है.
ललित मोदी ने कहा कि यह फैसला उनके लिए लंबे कानूनी संघर्ष का अंत है. उनके अनुसार, पिछले 16 वर्षों से वह लगातार यह कहते रहे कि उन्होंने आईपीएल के हित में ही सभी फैसले लिए थे और अब न्यायाधिकरण के आदेश ने उनकी बात को सही साबित कर दिया है. उन्होंने फैसले पर खुशी जताते हुए कहा कि अब वह इस अध्याय को पीछे छोड़कर जीवन में आगे बढ़ना चाहते हैं. उन्होंने यह भी कहा कि उनके लिए आईपीएल हमेशा सबसे महत्वपूर्ण रहा है और इसी उद्देश्य से उन्होंने काम किया था.
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#WATCH | IPL founder and first chairman Lalit Modi to return to India.
— ANI (@ANI) July 22, 2026
He says, "I'm really happy with the verdict yesterday. It's really been a great day. 16 years I have fought and whatever I have been saying to the media and to everybody has finally emerged as the truth. I'm… pic.twitter.com/QTN7VkzuEy
मोदी ने बताया कि वह इस साल के आखिर या अगले साल की शुरुआत में भारत लौट सकते हैं. उन्होंने कहा कि उनकी बेटी अक्टूबर में बच्चे को जन्म देने वाली हैं और वह पहले अपने पोते के जन्म का इंतजार करेंगे. इसके बाद भारत वापसी की योजना पर अमल करेंगे. वर्ष 2010 से भारत से बाहर रह रहे मोदी ने कहा कि अब वह अपने देश लौटकर नई शुरुआत करना चाहते हैं. उनके मुताबिक, कानूनी राहत मिलने के बाद उनके सामने वापसी का रास्ता काफी हद तक साफ हो गया है.
यह मामला वर्ष 2009 का है, जब लोकसभा चुनावों के कारण आईपीएल का आयोजन भारत के बजाय दक्षिण अफ्रीका में कराया गया था. प्रवर्तन निदेशालय ने आरोप लगाया था कि टूर्नामेंट के आयोजन के लिए विदेश भेजी गई राशि में रिजर्व बैंक की पूर्व अनुमति नहीं ली गई और इससे FEMA नियमों का उल्लंघन हुआ. इसी आधार पर जांच शुरू हुई और कई वर्षों तक कानूनी प्रक्रिया चलती रही. यह मामला लंबे समय तक भारतीय क्रिकेट और प्रशासनिक हलकों में चर्चा का विषय बना रहा.
स्मगलर्स एंड फॉरेन एक्सचेंज मैनिपुलेटर्स (फॉरफीचर ऑफ प्रॉपर्टी) एक्ट के तहत गठित अपीलीय न्यायाधिकरण ने अपने फैसले में प्रवर्तन निदेशालय के अधिकांश निष्कर्षों और लगाए गए दंड को निरस्त कर दिया. न्यायाधिकरण ने कहा कि उपलब्ध रिकॉर्ड में ऐसा कोई ठोस आधार नहीं मिला जिससे यह साबित हो सके कि ललित मोदी कथित FEMA उल्लंघनों के लिए जिम्मेदार थे. साथ ही यह भी माना गया कि संबंधित विदेशी भुगतान चालू खाते के लेनदेन थे, न कि पूंजी खाते के.
ललित मोदी को आईपीएल का प्रमुख आर्किटेक्ट माना जाता है. उन्होंने टूर्नामेंट की शुरुआत कर इसे दुनिया की सबसे लोकप्रिय टी20 लीग बनाने में अहम भूमिका निभाई. हालांकि वर्ष 2010 के बाद प्रवर्तन निदेशालय, बीसीसीआई और आयकर विभाग की विभिन्न जांचों के चलते वह भारत छोड़कर विदेश में रहने लगे थे. अब न्यायाधिकरण से राहत मिलने के बाद उन्होंने संकेत दिए हैं कि वह भारत लौटकर अपने जीवन का नया अध्याय शुरू करना चाहते हैं.