भारत और पाकिस्तान दोनों एक साथ आजाद हुए. भारत की आबादी भी पाकिस्तान से कहीं ज्यादा है लेकिन इसके बावजूद शिक्षा, स्वास्थ्य, अर्थव्यवस्था हर मामले में भारत पाकिस्तान से कहीं आगे निकल चुका है. आंकड़े इस बात की तस्दीक करते हैं. अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) और वैश्विक डेटा प्लेटफॉर्म StatsPanda की 2025-2026 की रिपोर्ट के अनुसार, भारत की प्रति व्यक्ति आय (GDP Per Capita) पाकिस्तान के मुकाबले लगभग दोगुनी हो चुकी है. भारत की प्रति व्यक्ति आय जहां लगभग 2,730 अमेरिकी डॉलर (USD) है, वहीं पाकिस्तान महज 1,400 अमेरिकी डॉलर पर अटका हुआ है. भारत की 7% की आर्थिक विकास दर के सामने पाकिस्तान की विकास दर केवल 2.5% है, जो दोनों देशों के बीच बढ़ते आर्थिक अंतर को साफ दर्शाती है.
यूएनडीपी (UNDP) की ह्यूमन डेवलपमेंट रिपोर्ट के आंकड़ों के अनुसार, भारत की साक्षरता दर (Literacy Rate) 77% है, जबकि पाकिस्तान में यह आंकड़ा सिर्फ 58% है. शिक्षा के स्तर पर दोनों देशों में 19% का बड़ा अंतर है. रिपोर्ट बताती है कि पाकिस्तान में बुनियादी शिक्षा की कमी के कारण लगभग 2.6 करोड़ (26 मिलियन) बच्चे स्कूल से बाहर हैं. स्कूल जाने के अनुमानित वर्षों (Expected Years of Schooling) के मामले में भी भारत (12.3 वर्ष) पाकिस्तान (8.6 वर्ष) से कहीं आगे है.
स्वास्थ्य के मोर्चे पर भी भारत ने पाकिस्तान के मुकाबले बेहतर सुधार किया है. वैश्विक स्वास्थ्य संकेतकों के मुताबिक, भारत में औसत जीवन प्रत्याशा (Life Expectancy) 70.8 वर्ष है, जबकि पाकिस्तान में यह 66.5 वर्ष ही है, यानी भारतीय औसतन 4 साल से अधिक जीते हैं. सबसे बड़ा अंतर शिशु मृत्यु दर (Infant Mortality) में है; पाकिस्तान में प्रति 1,000 जन्म पर शिशु मृत्यु दर 52.3 है, जो भारत (25.5) के मुकाबले दोगुनी से भी अधिक है.
यूएनडीपी की नवीनतम मानव विकास सूचकांक (Human Development Index) रैंकिंग में भारत 0.644 स्कोर के साथ 'मध्यम मानव विकास' श्रेणी में 134वें स्थान पर है. इसके विपरीत, पाकिस्तान 0.544 स्कोर के साथ बेहद निचले पायदान (168वें स्थान) पर खिसक गया है. विशेषज्ञों के अनुसार, आर्थिक नीतियों में स्थिरता और बुनियादी ढांचे में निवेश के कारण भारत सामाजिक और आर्थिक दोनों मोर्चों पर पाकिस्तान से काफी आगे बना हुआ है.
ये सभी आंकड़े संयुक्त राष्ट्र विकास कार्यक्रम (UNDP) ह्यूमन डेवलपमेंट रिपोर्ट, अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) वर्ल्ड इकोनॉमिक आउटलुक, और StatsPanda ग्लोबल डेटा इंडेक्स (2025-2026) से जुटाए गए हैं.