menu-icon
India Daily

Delhi Assembly Election 2025: आप की करारी हार के बाद के दफ्तर के दरवाजें बंद, वीडियो आया सामने

दिल्ली विधानसभा चुनाव के रुझानों में भाजपा (BJP) ने बहुमत का आंकड़ा पार कर लिया है. भाजपा 48 सीटों पर लीड कर रही है, तो वहीं आम आदमी पार्टी 22 सीटों पर आगे है.

mayank
Edited By: Mayank Tiwari
Delhi Assembly Election 2025: आप की करारी हार के बाद के दफ्तर के दरवाजें बंद, वीडियो आया सामने
Courtesy: Social Media

दिल्ली विधानसभा चुनाव के अब तक के नतीजों में बीजेपी ने 48 सीटों पर जीत दर्ज की है. जबकि, आम आदमी पार्टी के कई बड़े चेहरों को हार मिली है. दरअसल, विधानसभा चुनाव में भारी हार के बाद शनिवार (8 फरवरी) को आम आदमी पार्टी (AAP) ने अपना पार्टी कार्यालय बंद कर दिया. इसके साथ ही पार्टी के शीर्ष नेताओं में शामिल अरविंद केजरीवाल और उनके पूर्व डिप्टी मनीष सिसोदिया दोनों ही चुनाव हार गए.

सोशल मीडिया में वायरल हो रहे एक वीडियो में देखा जा सकता है कि AAP के पार्टी कार्यालय के बाहर कई लोग खड़े हैं, जहां एक भूरा शटर लगा हुआ है. पार्टी का नाम और लोगो नीले बोर्ड पर और एक काले पत्थर पर देखा जा सकता है.

अरविंद केजरीवाल ने अपनी पार्टी की हार मानी

अरविंद केजरीवाल ने अपनी मजबूत सीट न्यू दिल्ली को दो बार के बीजेपी सांसद प्रवेश वर्मा से हारते हुए गंवा दी. केजरीवाल अपने प्रतिद्वंद्वी से लगभग 1,200 वोटों से पीछे रहे, जबकि कांग्रेस के संदीप दीक्षित तीसरे स्थान पर रहे.

बता दें कि, यह केजरीवाल के लिए एक बड़ी हार है, क्योंकि उन्होंने 2013 में इस सीट को कांग्रेस की कद्दावर नेता शीला दीक्षित को हराकर जीता था.

मनीष सिसोदिया की हार और प्रतिक्रिया

मनीष सिसोदिया, जो AAP के वरिष्ठतम नेता हैं, उन्होंने जंगपुरा सीट से हार स्वीकार की. सिसोदिया ने कहा, "पार्टी कार्यकर्ताओं ने अच्छा संघर्ष किया; हमने सभी मेहनत की. लोगों ने भी हमारा समर्थन किया। लेकिन मैं 600 वोटों से हार गया. मैं जीतने वाले उम्मीदवार को बधाई देता हूं। मुझे उम्मीद है कि वह क्षेत्र के लिए काम करेंगे.

सिसोदिया को दिल्ली सरकार के स्कूलों में सुधार के लिए श्रेय दिया गया था, लेकिन उनके दूसरे कार्यकाल के दौरान दिल्ली की अब रद्द हो चुकी शराब नीति में भ्रष्टाचार के आरोपों के कारण उन्हें गिरफ्तार किया गया था. फरवरी 2023 में उनकी गिरफ्तारी के बाद सिसोदिया ने उपमुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया.

दिल्ली की शराब नीति मामला और AAP की चुनौतियां

इस चुनाव में, AAP सरकार के लिए सबसे बड़ी चुनौती दिल्ली की शराब नीति केस था, जिसने पार्टी की छवि को प्रभावित किया. हालांकि, AAP विधानसभा चुनाव जीतने में असफल रही, दिल्ली की मुख्यमंत्री आतिशी ने दक्षिण दिल्ली की कालकाजी सीट पर विजय दर्ज की. 43 वर्षीय आतिशी, जिन्होंने 2020 में यह सीट जीती थी, इस बार बीजेपी के पूर्व सांसद रमेश बिधुरी और कांग्रेस की अलका लांबा से मुकाबला कर रही थीं. चुनाव आयोग के अनुसार, उन्होंने 2,700 वोटों से जीत दर्ज की.

बीजेपी की शानदार जीत

बीजेपी ने दिल्ली में लगभग तीन दशकों बाद शानदार जीत दर्ज की है. ताजे रूझानों के अनुसार, बीजेपी 48 सीटों पर आगे चल रही है, जबकि AAP 22 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है. कांग्रेस किसी भी सीट पर आगे नहीं चल रही है.