नई दिल्ली: कांग्रेस की वरिष्ठ नेता सोनिया गांधी के सबसे भरोसेमंद सहयोगी रहे स्वर्गीय अहमद पटेल के बेटे और नेता फैसल पटेल ने हाल ही में बिहार चुनाव में कांग्रेस की करारी हार पर खुलकर गांधी परिवार पर निशाना साधा है. उन्होंने कहा कि राहुल गांधी और प्रियंका गांधी की नेतृत्व क्षमता बेहद कमजोर है और पार्टी अब ऐसे लोगों के हाथों में फंस चुकी है, जो विपक्ष की भूमिका को नुकसान पहुंचा रहे हैं.
फैसल का कहना है कि गांधी परिवार नाकाबिल है और उन्हें शीर्ष नेतृत्व हट जाना चाहिए. पार्टी को शशि थरूर जैसे काबिल नेताओं के हाथों में देना चाहिए, जिनकी क्षमता गांधी वंशजों से कई गुना ज्यादा है.
हाल ही में हुए बिहार विधानसभा चुनाव में कांग्रेस केवल छह सीटें जीत पाई, जो अब तक का उसका सबसे कमजोर प्रदर्शन है. राहुल गांधी ने भी परिणामों को हैरान करने वाला बताते हुए चुनाव प्रक्रिया पर सवाल उठाए थे.
हालांकि फैसल पटेल का तर्क है कि हार का कारण चुनाव नहीं, बल्कि पार्टी का खोखला नेतृत्व है. उन्होंने कहा कि वर्कर्स जमीन पर मेहनत कर रहे थे, लेकिन दिल्ली की टॉप लीडरशिप वास्तविक मुद्दों को समझने में नाकाम रही.
फैसल ने बीते महीनों में कई बार यह साफ किया है कि वे PM नरेंद्र मोदी और अमित शाह से संपर्क में हैं और BJP चुन सकते हैं. उनका बयान था कि BJP में शानदार वर्क कल्चर है, मेहनती लोग नेतृत्व कर रहे हैं. मोदी, शाह और जयशंकर देश के लिए बेहतरीन काम कर रहे हैं. उनका यह बयान कांग्रेस हाईकमान के लिए सीधे तौर पर चुनौती मानी जा रही है.
एक पुरानी बातचीत में फैसल पटेल ने आरोप लगाया था कि राहुल गांधी आउट-ऑफ-कंट्रोल सलाहकारों से घिरे हुए हैं. ये लोग पार्टी के अनुभवी नेताओं को दूर कर रहे हैं और ग्रुप कल्चर बनाकर फैसले थोप रहे हैं. उन्होंने कहा कि इस दूरदर्शिता की कमी ने कांग्रेस को लगातार कमजोर किया है.
फैसल पटेल अकेले नहीं हैं, जिसने कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व पर सवाल उठाए हो, बल्कि सीनियर नेता राशिद अल्वी ने भी स्वीकार किया कि बिहार में कांग्रेस BJP की कड़ी मेहनत का मुकाबला नहीं कर सकती. उन्होंने राहुल गांधी की दूर होती कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए कहा था कि प्रियंका गांधी को कमान संभालनी चाहिए.