नई दिल्ली: केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने कॉकरोच जनता पार्टी के प्रतिनिधिमंडल से सोमवार को मुलाकात की. इस बैठक के बाद नड्डा ने प्रदर्शनकारियों से धरना समाप्त करने और सामान्य जीवन बहाल करने की अपील की है. सुरक्षा बलों ने संसद भवन और कनॉट प्लेस क्षेत्र से प्रदर्शनकारियों को हटा दिया है.
सीजेपी के प्रतिनिधि सौरव दास और आशुतोष रांका ने केंद्रीय मंत्री नड्डा को अपनी मांगों की लिखित सूची सौंपी. बैठक सुबह 11:50 बजे शुरू हुई और सौहार्दपूर्ण माहौल में चली. नड्डा ने बताया कि यह पहला मौका था जब प्रदर्शनकारियों की तरफ से सरकार से बातचीत का प्रस्ताव आया. मौखिक चर्चा के बाद शाम करीब 4 बजे प्रतिनिधियों ने लिखित ज्ञापन दिया.
आज सुबह पहली बार प्रदर्शनकारियों की ओर से सरकार के साथ बातचीत करने का प्रस्ताव आया और सुबह 11:50 AM से ही हमारी बातचीत जारी है।
— Jagat Prakash Nadda (@JPNadda) July 20, 2026
सौहार्दपूर्ण वातावरण में मुलाकात हुई। उनके डेलीगेशन के साथ विस्तार से पहले मौखिक चर्चा हुई और उनके द्वारा लगभग 4 बजे मुझे लिखित याचिका दी गई।
मैंने… pic.twitter.com/HLCl20RBSp
जेपी नड्डा ने कहा- 'आज सुबह प्रदर्शनकारियों की ओर से सरकार से बात करने का प्रस्ताव मिला. हमारी बातचीत 11:50 बजे से शुरू हुई. मुलाकात अच्छे वातावरण में हुई. डेलिगेशन के साथ विस्तार से चर्चा की गई. मैंने सभी प्रदर्शनकारियों से अनुरोध किया है कि वे अपना धरना समाप्त करें और प्रशासन को सामान्य स्थिति बहाल करने में मदद करें.' नड्डा ने यह भी कहा कि सरकार युवाओं की समस्याओं को गंभीरता से सुन रही है और जरूरी कदम उठाए जाएंगे.
कॉकरोच जनता पार्टी ने केंद्र सरकार से 3 मांगें रखी हैं:-
पर्यावरण कार्यकर्ता सोनम वांगचुक को अस्पताल से तुरंत रिहा किया जाए और उनकी आवाजाही पर कोई रोक न लगाई जाए.
शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दें या उन्हें पद से हटाया जाए.
नीट 2026 परीक्षा पेपर लीक मामले में आत्महत्या करने वाले सभी अभ्यर्थियों के परिवारों को एक-एक करोड़ रुपये का मुआवजा दिया जाए.
सीजेपी का कहना है कि ये मांगें युवाओं की आकांक्षाओं को ध्यान में रखकर की गई हैं. पार्टी के कार्यकर्ता पिछले कई दिनों से दिल्ली में प्रदर्शन कर रहे थे. उन्होंने परीक्षा घोटालों, शिक्षा व्यवस्था में सुधार और युवा मुद्दों पर सरकार से जवाब मांगा था. वहीं मुलाकात के बाद जेपी नड्डा ने बैठक में आश्वासन दिया कि सभी मांगों पर गंभीरता से विचार किया जाएगा.