menu-icon
India Daily

आज क्यों दौड़ा शेयर बाजार? जानें सेंसेक्स-निफ्टी की शानदार छलांग के पीछे ये 6 बड़े कारण

भारतीय शेयर बाजार में सोमवार को कच्चे तेल के दाम गिरने, विदेशी निवेशकों की भारी खरीदारी, मजबूत रुपये और कंपनियों के बेहतर नतीजों के कारण बड़ी तेजी आई, जिससे सेंसेक्स 650+ और निफ्टी 24,600 के पार पहुंच गया.

Kuldeep Sharma
Edited By: Kuldeep Sharma
आज क्यों दौड़ा शेयर बाजार? जानें सेंसेक्स-निफ्टी की शानदार छलांग के पीछे ये 6 बड़े कारण
Courtesy: ai generated

मुंबई: वैश्विक बाजारों से मिले सकारात्मक संकेतों के चलते निवेशकों का भरोसा मजबूत हुआ. दोपहर लगभग 12 बजे तक, सेंसेक्स 651 अंकों की बढ़त के साथ 78,745.72 के स्तर पर पहुंच गया, वहीं निफ्टी करीब 218 अंक उछलकर 24,601.55 पर कारोबार कर रहा था. ‘निफ्टी फार्मा’ को छोड़कर बाजार के लगभग सभी सेक्टर हरे निशान बढ़त में रहे. इसके अलावा, मिड-कैप और स्मॉल-कैप शेयरों में भी अच्छी खरीदारी देखने को मिली.

बाजार में तेजी की 6 बड़ी वजहें

कच्चे तेल में गिरावट: ब्रांड क्रूड की कीमत लगभग 5% गिरकर 83.56 डॉलर प्रति बैरल पर आ गई. भारत अपनी जरूरत का ज़्यादातर तेल बाहर से खरीदता है, इसलिए तेल सस्ता होने से महंगाई पर लगाम लगती है और बाजार को राहत मिलती है.

विदेशी निवेशकों का भरोसा: जुलाई के महीने में विदेशी निवेशकों ने भारतीय बाज़ार में 20,000 करोड़ से अधिक का निवेश किया. भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था, स्थिर रुपये और बड़े शेयरों की सही कीमतों के कारण विदेशी निवेशक लगातार पैसा लगा रहे हैं.

वैश्विक तनाव कम होना: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से ईरान के साथ दोबारा बातचीत शुरू होने के संकेत मिलने से अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में युद्ध का डर कम हुआ, जिससे क्रूड ऑयल की कीमतें भी घटीं.

दुनिया भर के बाज़ारों से अच्छे संकेत: एशियाई बाज़ारों में तेज़ी रही और शुक्रवार को अमेरिकी बाज़ार भी बढ़त के साथ बंद हुए थे. वैश्विक स्तर पर बने इस सकारात्मक माहौल का असर भारतीय शेयर बाज़ार पर भी दिखा.

रुपया हुआ मज़बूत: विदेशी फंड्स के आने, गिरते तेल के दामों और आरबीआई (RBI) के सहयोग से भारतीय रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 31 पैसे मजबूत हुआ.

कंपनियों के शानदार तिमाही नतीजे: ITC, डिविस लेबोरेटरीज, अर्बन कंपनी, बजाज फाइनेंस और बजाज फिनसर्व जैसी बड़ी कंपनियों ने जून तिमाही के बेहतरीन नतीजे पेश किए, जिससे इनके शेयरों में तेज़ी आई. साथ ही क्रेडिट ग्रोथ, ऑटो सेल्स और प्रॉपर्टी की बढ़ती मांग ने भी बाज़ार को मजबूती दी.