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India Daily

Petrol Diesel Price Hike: अगले 2-3 हफ्तों में पेट्रोल-डीजल 10 रुपये तक महंगा हो सकता है, रिपोर्ट में बड़ा दावा

कच्चे तेल की कीमतें 100 डॉलर पार होने के बाद पेट्रोल और डीजल के दाम में फिर बड़ी बढ़ोतरी हो सकती है. रिपोर्ट के मुताबिक अगले 2-3 हफ्तों में 10-10 रुपये प्रति लीटर तक रेट बढ़ सकते हैं, जिससे महंगाई और बढ़ने की आशंका है.

Dhiraj Kumar Dhillon
Petrol Diesel Price Hike: अगले 2-3 हफ्तों में पेट्रोल-डीजल 10 रुपये तक महंगा हो सकता है, रिपोर्ट में बड़ा दावा
Courtesy: X

एक फाईनेंशियल रिपोर्ट के हवाले से बड़ी खबर आ रही है. रिपोर्ट के मुताबिक पेट्रोल और डीजल पर जल्द ‌ही एक बार फिर महंगाई की मार पड़ने वाली है. उम्मीद जाहिर की गई है कि अगले दो से तीन सप्ताह में पेट्रोल और डीजल के रेट में 10-10 रुपये का इजाफा हो सकता है. बताया जा रहा है कि कच्चे तेल के भाव लगातार 100 डॉलर से ऊपर बने हुए हैं, जिसके चलते तेल कंपनियां नुकसान में काम कर रही हैं. यह स्थिति तब है जब भारत सरकार मार्च में ही पेट्रोल और डीजल पर 10-10 रुपये एक्साइज डयूट कम कर चुकी है. बता दें कि शुक्रवार को तेल कंपनियों में पेट्रोल और डीजल के भाव में तीन रुपये का इजाफा किया था, लेकिन नुकसान की भरवाई के लिए यह बढोतरी नाकाफी बताई जा रही है.

अर्थशात्रियों के मुताबिक खुदरा महंगाई बढ़ने की आशंका

पेट्रोल-डीजल, एनपीजी और दूध के दाम बढ़ने से आने वाले दिनों में खुदरा महंगाई बढ़ने की आशंका और बढ़ गई है. अर्थशास्त्रियों के मुताबिक खुदरा महंगाई के करीब 0.42 परसेंट तक बढ़ने के आसार हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पिछले दिनों मितव्ययता अपनाए जाने के लिए देशवासियों से जो अपील की थी, लोगों को अब उसके मायने समझ में आने लगे हैं. मिडिल ईस्ट तनाव और होर्मुज जलडमरूमध्य से जहाजों की आवाजाही प्रभावित होने से ऊर्जा सप्लाई प्रभावित हुई है और वैश्विक स्तर पर तेल और गैस की कीमतें बढ़ गई हैं, जिसके चलते ट्रांसपोर्टेशन महंगा हुआ है, जाहिर तौर पर इसका असर सभी वस्तुओं पर महंगाई के रूप में पड़ेगा.

ऑयल कंपनियों को प्रति लीटर करीब 18 रुपये का नुकसान

Emkay Global ने अपनी रिपोर्ट में कहा है ऑयल कंपनियों के द्वारा पेट्रोल-डीजल के रेट 3 रुपये बढ़ाए जाने के बाद भी उनका घाटा व्यवस्थित नहीं हो पा रहा है. रिपोर्ट में कहा गया है कि ऑयल कंपनियों को अभी भी प्रति लीटर करीब 18 रुपये का नुकसान हो रहा है. रिपोर्ट में बताया गया है कि मौजूदा रेट के हिसाब से ऑयल कंपनियों का इस तिमाही में 58000 करोड़ रुपये का नुकसान होने का अनुमान है. इस नुकसान को मैनेज करने के लिए ऑयल कंपनियां पेट्रोल और डीजल के रेट में 10-10 रुपये का इजाफा और करने की तैयारी कर रही हैं. माना जा रहा है कि दो से तीन सप्ताह में फिर से नए रेट घोषित किए जा सकते हैं. बता दें कि मिडिल ईस्ट तनाव से पहले कच्चे तेल के दाम 70 डॉलर प्रति बैरल थे, जो अब 100 डॉलर का आंकड़ा पार कर गए हैं.