32 साल पहले लॉन्च हुआ था दुनिया का पहला स्मार्टफोन, 16 घंटे में होता था फुल चार्ज
IBM Simon: क्या आप जानते हैं कि दुनिया का पहला स्मार्टफोन कौन-सा था? अगर नहीं, जानते हैं तो यहां हम आपको इसके बारे में बता रहे हैं. दुनिया का पहला फोन था IBM Simon जो टच स्क्रीन के साथ-साथ कॉर्डलेस लैंडलाइन डिवाइस जैसा दिखता था. इस फोन में क्या कुछ दिया गया था, चलिए जानते हैं.
IBM Simon: स्मार्टफोन का इस्तेमाल आज बच्चा-बच्चा कर रहा है. आज के समय में बिना इस डिवाइस के जीवन की कल्पना करना भी मुश्किल है. फोन का इस्तेमाल आमतौर पर मैसेज भेजने, कॉल करने, इंटरनेट ब्राउज करने, ऐप्स इस्तेमाल करने आदि के लिए किया जाता है. दूर-दराज बैठे व्यक्ति से वीडियो कॉलिंग करने के लिए यह डिवाइस मददगार है. आज के समय में तो हर कोई फोन के बारे में जानना है. लेकिन एक समय था जब लोगों के लिए स्मार्टफोन एक अजूबा था. क्या आप जानते हैं कि पहला स्मार्टफोन कब आया था और कैसा था? अगर नहीं, जानते हैं, तो यहां हम आपको इसके बारे में बता रहे हैं.
यहां हम आपको दुनिया के पहले स्मार्टफोन के बारे में बता रहे हैं जिसके बाद से दुनिया को पता चला कि स्मार्टफोन भी कुछ होता है. साथ ही इसे इस्तेमाल करना भी शुरू किया गया. तो चलिए जानते हैं दुनिया के पहले फोन के बारे में.
1992 में हुआ पहला स्मार्टफोन लॉन्च:
IBM ने 1992 में पहला स्मार्टफोन लॉन्च किया था. IBM साइमन में टच स्क्रीन जिसके लिए स्टाइलस की आवश्यकता होती थी. हालांकि, छोटी मोनोक्रोम एलसीडी स्क्रीन और एक घंटे की बैटरी लाइफ के साथ, यह फोन आज के स्मार्टफोन की तुलना में कहीं भी स्टैंड नहीं करता था. IBM साइमन 2021 के मॉर्डन स्मार्टफोन जैसा बिल्कुल नहीं दिखता है. यह एक कॉर्डलेस लैंडलाइन डिवाइस जैसा दिखता है.
हालांकि, 1994 में भी, इसमें एक टच स्क्रीन डिस्प्ले के साथ एक लंबा फॉर्म फैक्टर वाला LCD पैनल था. IBM साइमन को स्मार्टफोन बनाने में ईमेल, फैक्स और सेलुलर पेज वायरलेस सेंडिंग और रिसीविंग आदि जैसी क्षमताओं की बड़ी भूमिका रही है. यह स्मार्टफोन बहुत महंगा था. इसकी कीमत 1099 डॉलर थी. ज्यादा कीमत के चलते कंपनी ने IBM साइमन की 50,000 से ज्यादा यूनिट्स बेची थीं.
IBM साइमन 16MHz क्लॉक स्पीड के साथ NEC के 16-बिट Vadem VG320 (CMOS) SoC पर काम करता था. इसके साथ RS232 एडाप्टर केबल के साथ आता था जो यूजर्स को अपने पर्सनल कंप्यूटर से फाइलों को एक्सेस करने की अनुमति देता था. इसमें एक RJ11 एडाप्टर केबल भी था जो POTS पर वॉयस और डेटा कॉल करने की अनुमति देता है. इसमें एड्रेस बुक, कैलेंडर, कैलकुलेटर और वर्ल्ड क्लॉक जैसी सर्विसेज थीं लेकिन इसमें इंटरनेट कम्युनिकेटर या वेब ब्राउजर नहीं था.
क्या आप अनुमान लगा सकते हैं कि IBM साइमन की 1 घंटे चलने वाली बैटरी को चार्ज होने में कितना समय लगा? 14 से 16 घंटे तक. इसमें रिप्लेसेबल निकेल-कैडमियम बैटरी का इस्तेमाल किया गया है.