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यूपी के डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक के जनता दर्शन में उमड़ी भीड़; शिकायतें सुनीं, कई मामलों में तुरंत कार्रवाई

लखनऊ में डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक के आवास पर जनता दर्शन में सैकड़ों लोग पहुंचे.

Ashutosh
Edited By: Ashutosh Rai
Anuj Kumar
Reported By: Anuj Kumar
यूपी के डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक के जनता दर्शन में उमड़ी भीड़; शिकायतें सुनीं, कई मामलों में तुरंत कार्रवाई
Courtesy: Anuj Kumar

लखनऊ में मंगलवार को उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक के आवास पर जनता दर्शन आयोजित हुआ. प्रदेश के अलग-अलग जिलों से आए सैकड़ों लोगों ने इलाज, आर्थिक मदद, पुलिस, प्रशासन, राजस्व और शिक्षा से जुड़ी समस्याएं रखीं. डिप्टी सीएम ने सभी की बात सुनी और संबंधित अधिकारियों को जरूरी कार्रवाई के निर्देश दिए.

जनता दर्शन में सुनी फरियादें

जनता दर्शन में पहुंचे लोगों की शिकायतें अलग-अलग विभागों से जुड़ी थीं. किसी ने इलाज के लिए मदद मांगी, तो कोई आर्थिक सहायता, पुलिस कार्रवाई, राजस्व, शिक्षा या प्रशासन से जुड़ी परेशानी लेकर पहुंचा. ब्रजेश पाठक ने हर व्यक्ति से खुद मुलाकात की और उसकी समस्या को ध्यान से सुना. इसके बाद उन्होंने संबंधित अधिकारियों से बात कर पात्र मामलों में जल्द राहत देने को कहा. कई शिकायतों पर मौके से ही कार्रवाई शुरू हुई. इससे फरियादियों में संतोष नजर आया और उन्हें अपनी समस्या के समाधान की उम्मीद मिली.

मौके पर कार्रवाई से लोगों में बढ़ा भरोसा

जनता दर्शन में अपनी बात सीधे उपमुख्यमंत्री तक पहुंचाने के बाद कई लोगों के चेहरे पर राहत दिखाई दी. फरियादियों ने कहा कि उनकी शिकायत पर तुरंत अधिकारियों को निर्देश मिलने से उन्हें भरोसा हुआ कि मामला आगे बढ़ेगा. इस दौरान ब्रजेश पाठक ने अधिकारियों को साफ कहा कि जनता की समस्याओं के समाधान में किसी तरह की लापरवाही नहीं होनी चाहिए. उन्होंने कहा कि सरकार के लिए जनता की सेवा सबसे अहम है और जरूरतमंद लोगों की बात संवेदनशीलता के साथ सुनकर समय पर कार्रवाई करनी चाहिए.

समाधान की उम्मीद लेकर लौटे फरियादी

जनता दर्शन में आए लोगों के लिए यह सिर्फ शिकायत दर्ज कराने का कार्यक्रम नहीं रहा, बल्कि उन्हें अपनी परेशानी के समाधान की उम्मीद भी मिली. उपमुख्यमंत्री ने अधिकारियों को पात्र मामलों में प्रभावी और तय समय के भीतर कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए. अलग-अलग जिलों से आए लोगों ने अपनी समस्याएं सामने रखीं और अधिकारियों के साथ सीधे संवाद का मौका मिला. सुनवाई के बाद कई फरियादी संतुष्ट नजर आए और मुस्कान के साथ वापस लौटे. कार्यक्रम ने लोगों के बीच सरकार तक अपनी बात पहुंचाने और मदद मिलने का भरोसा मजबूत किया.