श्रद्धांजलि के साथ शुरू हुआ यूपी विधानसभा का मानसून सत्र, पहली बार गूंजा ‘वंदे मातरम्’ का पूरा गायन
उत्तर प्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र की शुरुआत दिवंगत पूर्व विधायक आलम बदी को श्रद्धांजलि के साथ हुई.
उत्तर प्रदेश विधानसभा के चार दिवसीय मानसून सत्र का पहला दिन भावुक और ऐतिहासिक रहा. पूर्व विधायक आलम बदी को श्रद्धांजलि देने के साथ पहली बार सदन में ‘वंदे मातरम्’ का पूरा गायन हुआ. इसके बाद शोक प्रस्ताव पारित कर कार्यवाही मंगलवार तक के लिए स्थगित कर दी गई.
पूर्व विधायक आलम बदी को दी गई श्रद्धांजलि
मानसून सत्र की शुरुआत होते ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आजमगढ़ की निजामाबाद सीट से पांच बार विधायक रहे दिवंगत आलम बदी के निधन पर शोक प्रस्ताव रखा. विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने उनके राजनीतिक और सामाजिक जीवन का उल्लेख करते हुए बताया कि आलम बदी ने लंबे समय तक जनता की सेवा की. वह पेशे से इलेक्ट्रिकल इंजीनियर थे और उन्होंने कौमी एकता मंच की स्थापना भी की थी. नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडेय समेत सभी दलों के नेताओं ने उन्हें श्रद्धांजलि दी और उनके योगदान को याद किया. सदन में दो मिनट का मौन रखकर उन्हें अंतिम सम्मान दिया गया.
पहली बार गूंजा ‘वंदे मातरम्’ का पूरा गायन
इस बार विधानसभा के पहले दिन एक नई परंपरा भी देखने को मिली. उत्तर प्रदेश विधानसभा के इतिहास में पहली बार सदन के भीतर ‘वंदे मातरम्’ का पूरा गायन किया गया. इस दौरान सभी सदस्य मौजूद रहे और पूरे सम्मान के साथ राष्ट्रगीत गाया गया. इस आयोजन ने पहले दिन के माहौल को खास बना दिया. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सभी दलों से अपील की कि सदन की कार्यवाही सकारात्मक माहौल में चले और जनता से जुड़े मुद्दों पर गंभीर चर्चा हो. उन्होंने कहा कि विधानसभा लोकतंत्र का सबसे बड़ा मंच है, जहां हर वर्ग की आवाज सुनी जाती है.
Also Read
अहम विधेयकों पर रहेगी नजर
शोक प्रस्ताव के बाद विधानसभा की कार्यवाही मंगलवार सुबह 11 बजे तक स्थगित कर दी गई. आने वाले दिनों में सरकार वित्तीय वर्ष 2026-27 का पहला अनुपूरक बजट पेश करेगी. इसके साथ ही पिछले सत्र के बाद जारी नौ अध्यादेशों की जगह नए विधेयक भी सदन में लाए जाएंगे. सरकार कई अहम वित्तीय और प्रशासनिक प्रस्तावों पर चर्चा कराने की तैयारी में है. विपक्ष भी किसानों, युवाओं, महिलाओं और प्रदेश से जुड़े कई मुद्दे उठाने की तैयारी में है.