मथुरा के गौ रक्षक ‘फरसा वाले बाबा’ की ट्रक से कुचलकर मौत, स्थानीय लोगों ने जमकर किया बवाल और पथराव

मथुरा में गौ सेवक की सड़क हादसे में मौत के बाद विरोध प्रदर्शन और पथराव हुआ, जिससे हाईवे जाम हो गया. पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित कर लिया है और जांच जारी है.

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Km Jaya

मथुरा: उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले में एक प्रमुख गौ सेवक की सड़क हादसे में मौत के बाद तनाव का माहौल बन गया. कोसीकलां थाना क्षेत्र में शनिवार तड़के हुई इस घटना ने देखते ही देखते उग्र रूप ले लिया, जिसके बाद विरोध प्रदर्शन, पथराव और आगरा-दिल्ली हाईवे पर भारी जाम लग गया.

मृतक की पहचान चंद्रशेखर के रूप में हुई है, जिन्हें इलाके में ‘फरसा वाले बाबा’ के नाम से जाना जाता था. पुलिस के अनुसार उन्हें कथित गो तस्करी की सूचना मिली थी, जिसके बाद वह अपने साथियों के साथ एक कंटेनर ट्रक का पीछा कर रहे थे. उन्होंने नागालैंड नंबर वाले कंटेनर को रोककर उसकी जांच शुरू की. जांच में ट्रक में साबुन, फिनाइल और शैंपू जैसे सामान्य सामान मिले.

कैसे हुई बाबा की मौत?

इसी दौरान घने कोहरे के कारण पीछे से आ रहे राजस्थान नंबर के एक ट्रक ने उन्हें टक्कर मार दी. इस हादसे में चंद्रशेखर की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि ट्रक चालक घायल हो गया. प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इस मामले में किसी भी तरह की गो तस्करी के प्रमाण नहीं मिले हैं.

कैसा है वहां का माहौल?

घटना के बाद इलाके में अफवाहें तेजी से फैल गईं, जिससे लोगों में गुस्सा भड़क गया. बड़ी संख्या में लोग सड़कों पर उतर आए और आगरा-दिल्ली हाईवे को जाम कर दिया. प्रदर्शनकारियों ने कई वाहनों पर पथराव किया, जिसमें पुलिस और प्रशासन के वाहन भी शामिल थे. कुछ अधिकारियों के वाहनों के शीशे तक तोड़ दिए गए.

स्थिति उस समय और संवेदनशील हो गई जब शहर में पहले से ही सुरक्षा व्यवस्था कड़ी थी, क्योंकि द्रौपदी मुर्मू के तीन दिवसीय दौरे को लेकर अलर्ट जारी था. ऐसे में अचानक हुई हिंसा ने प्रशासन की चुनौती बढ़ा दी.

पुलिस ने भीड़ को कैसे किया नियंत्रित?

पुलिस को भीड़ को नियंत्रित करने में शुरुआत में काफी मशक्कत करनी पड़ी. बाद में हालात को काबू में लाने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े गए और बल प्रयोग किया गया. इसके बाद धीरे-धीरे स्थिति सामान्य हुई और जाम खुलवाया गया.

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्लोक कुमार ने बताया कि हादसा पूरी तरह दुर्घटनावश हुआ है और किसी भी तरह की तस्करी की पुष्टि नहीं हुई है. उन्होंने कहा कि मामले की वैज्ञानिक जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी.