पटियाला के राजिंद्रा जिमखाना एंड महिंद्रा क्लब (आरजीएमसी) में 11 और 12 अप्रैल को दो दिवसीय स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया. यह कैंप भगवंत मान सरकार की मुख्यमंत्री सेहत योजना के तहत चलाए जा रहे स्वास्थ्य जागरूकता अभियान का हिस्सा था. क्लब के सदस्यों, उनके परिवारजनों और स्टाफ ने बड़े उत्साह के साथ इसमें हिस्सा लिया.
कैंप का मुख्य मकसद लोगों को निवारक स्वास्थ्य के बारे में जागरूक करना और उन्हें सेहत कार्ड बनवाने के लिए प्रोत्साहित करना था. दो दिनों तक चले इस शिविर में 500 से ज्यादा लोगों ने पंजीकरण करवाया. यह पहल दिखाती है कि सरकार हर वर्ग तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है.
कैंप में शामिल क्लब सदस्यों ने इस पहल की खूब सराहना की. कई सदस्यों ने अपने पूरे परिवार के साथ सेहत कार्ड बनवाए. क्लब के प्रभावशाली सदस्य जैसे वाइस चांसलर, विधायक, आईएएस अधिकारी, प्रसिद्ध डॉक्टर, उद्योगपति और मंत्री सभी ने इस योजना की प्रशंसा की. उन्होंने कहा कि सेहत कार्ड बनवाना आज हर व्यक्ति के लिए जरूरी हो गया है क्योंकि बीमारी किसी को भी हो सकती है. सदस्यों ने बताया कि योजना के तहत मिलने वाली सुविधाएं बहुत उपयोगी हैं. क्लब के निदेशक राहुल मेहता ने कहा कि कैंप को अच्छी प्रतिक्रिया मिली और लोग खुशी-खुशी पंजीकरण करवा रहे थे. पीआरटीसी के चेयरमैन हरपाल जुनेजा ने भी कहा कि लोग अब अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूक हो रहे हैं.
मुख्यमंत्री सेहत योजना के तहत हर परिवार को प्रति वर्ष 10 लाख रुपये तक की कैशलेस स्वास्थ्य सुविधा मिलती है. पूरे पंजाब में अब तक 35 लाख से ज्यादा सेहत कार्ड जारी हो चुके हैं और रोजाना करीब 50,000 लोग पंजीकरण करवा रहे हैं. स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने कहा कि सरकार का लक्ष्य 100 प्रतिशत कवरेज हासिल करना है. उन्होंने जोर देकर कहा कि स्वास्थ्य सबसे पहले है क्योंकि बीमारी अमीर-गरीब में कोई भेद नहीं करती. योजना में इलाज पूरी तरह कैशलेस है और बीमा कंपनियों को पहले ही भुगतान कर दिया जाता है. पंजीकरण बहुत सरल है और आयुष्मान कार्ड धारकों को अतिरिक्त लाभ भी दिए जा रहे हैं.
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने कार्यक्रम के दौरान कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत मान स्वास्थ्य को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हैं. उन्होंने बताया कि सरकार गांवों, शहरों और बाजारों में लगातार कैंप आयोजित कर रही है. सुबह 8 बजे से शाम 4 बजे तक गुरुद्वारों, पंचायत घरों, मंदिरों और सामुदायिक केंद्रों में पंजीकरण शिविर चलाए जा रहे हैं ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग लाभ उठा सकें. डॉ. सिंह ने कहा कि इलाज पूरी तरह कैशलेस है और पंजीकरण की प्रक्रिया बहुत आसान बनाई गई है.
आरजीएमसी में आयोजित यह दो दिवसीय कैंप बेहद सफल रहा. इसने साबित किया कि सुलभ और सुविधाजनक स्वास्थ्य पहलें जमीनी स्तर पर बड़ा प्रभाव डाल सकती हैं. हाल ही में पीआरटीसी पटियाला में भी परिवहन कर्मचारियों के लिए ऐसा ही सफल कैंप आयोजित किया गया था. सरकार का प्रयास है कि हर नागरिक को स्वास्थ्य सुरक्षा मिले. मुख्यमंत्री सेहत योजना के तहत अब तक 40 लाख पंजीकरण हो चुके हैं और यह संख्या लगातार बढ़ रही है. यह अभियान समाज के हर वर्ग को स्वास्थ्य सुरक्षा प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है.