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उज्जैन में आवारा कुत्ते का आतंक... 3 साल की मासूम पर किया हमला, बच्ची के चेहरे पर लगे 50 टांके

मध्य प्रदेश के उज्जैन जिले में एक आवारा कुत्ते एक तीन साल की बच्ची पर हमला कर दिया है. इस हमले में बच्ची के चेहरे पर गंभीर चोटें आईं, जिसके बाद उसे विशेष इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है.

Meenu Singh
Edited By: Meenu Singh
उज्जैन में आवारा कुत्ते का आतंक... 3 साल की मासूम पर किया हमला, बच्ची के चेहरे पर लगे 50 टांके
Courtesy: Pinterest

उज्जैन: मध्य प्रदेश के उज्जैन जिले से एक हैरान और परेशानी में डालने वाली खबर आ रही है. जिसने एक बार फिर से आवारा कुत्तों के बढ़ते खतरे को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं. दरअसल, उज्जैन जिले में एक आवारा कुत्ते एक तीन साल की बच्ची पर हमला कर दिया है. इस हमले में बच्ची के चेहरे पर गंभीर चोटें आईं, जिसके बाद उसे विशेष इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है.

जानकारी के अनुसार, यह घटना शनिवार को उज्जैन जिले के डेलवाड़ी गांव में हुई. बच्ची अपने घर के बाहर खेल रही थी, तभी एक आवारा कुत्ता अचानक उस पर टूट पड़ा. हमले में बच्ची के चेहरे के कई हिस्सों को गंभीर नुकसान पहुंचा, जिसमें नाक, होंठ और पलकों के आसपास गहरे घाव शामिल हैं. घटना के बाद परिवार के लोग तुरंत उसे अगर-मालवा जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे इंदौर के महाराजा यशवंतराव चिकित्सालय (एमवाईएच) रेफर कर दिया गया.

चेहरे पर आए गंभीर घाव

डॉक्टरों के अनुसार, बच्ची के चेहरे पर कई गहरी चोटें थीं, जिनके इलाज के लिए तत्काल सर्जिकल प्रक्रिया करनी पड़ी. डॉक्टर्स ने स्किन को जोड़ने और ब्लीडिंग रोकने के लिए प्राथमिक ऑपरेशन किया. बच्ची के चेहरे पर लगभग 50 टांके लगाए गए हैं. फिलहाल उसकी हालत पर विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम लगातार नजर बनाए हुए है.

प्लास्टिक सर्जरी की पड़ सकती है जरूरत

डॉक्टरों का कहना है कि चोट की गंभीरता को देखते हुए बच्ची को आगे विशेष प्लास्टिक सर्जरी की आवश्यकता पड़ सकती है. इसका उद्देश्य चेहरे पर स्थायी विकृति के खतरे को कम करना है. फिलहाल उसे अस्पताल में डॉक्टरों की ऑब्जर्वेशन में रखा गया है.

आवारा कुत्तों का बढ़ता खतरा

यह घटना राज्य में आवारा कुत्तों के हमलों की बढ़ती घटनाओं की ओर एक बार फिर से ध्यान केंद्रित किया है. हाल ही में मध्य प्रदेश के बरवानी जिले में भी आवारा कुत्तों के झुंड के हमले में एक महिला की जान चली गई थी. लगातार सामने आ रही ऐसी घटनाओं ने लोगों में सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है.

सुप्रीम कोर्ट भी जता चुका है चिंता

आवारा कुत्तों के बढ़ते हमलों को लेकर सर्वोच्च न्यायालय भी पहले चिंता व्यक्त कर चुका है. अदालत ने सार्वजनिक स्थानों पर बढ़ती घटनाओं को देखते हुए नसबंदी, टीकाकरण और सुरक्षित आश्रयों की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं. विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए स्थानीय प्रशासन और संबंधित एजेंसियों को प्रभावी कदम उठाने की आवश्यकता है.