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India Daily

धार भोजशाला मामले में सुप्रीम कोर्ट का बड़ा आदेश, ASI नहीं करेगा ढांचागत बदलाव; नमाज के लिए मिलेगी अलग जगह

सुप्रीम कोर्ट ने धार स्थित भोजशाला विवाद में अहम आदेश जारी करते हुए राज्य सरकार से मुस्लिम पक्ष के लिए शुक्रवार की नमाज अदा करने हेतु भोजशाला परिसर से सटे खुले स्थान पर व्यवस्था करने को कहा है.

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Edited By: Reepu Kumari
धार भोजशाला मामले में सुप्रीम कोर्ट का बड़ा आदेश, ASI नहीं करेगा ढांचागत बदलाव; नमाज के लिए मिलेगी अलग जगह
Courtesy: ChatGpt

धार स्थित भोजशाला विवाद में सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को महत्वपूर्ण आदेश दिया है. अदालत ने राज्य सरकार को आदेश दिया कि भोजशाला स्थल से सटे खुले स्थान पर मुस्लिम पक्ष के लिए शुक्रवार की नमाज अदा करने की व्यवस्था की जाए. अदालत ने यह भी स्पष्ट किया कि यह व्यवस्था दोनों पक्षों के अधिकारों को ध्यान में रखते हुए की जाएगी. सुप्रीम कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि राज्य सरकार यह सुनिश्चित करे कि शुक्रवार को दोपहर 1 बजे से 3 बजे के बीच मुस्लिम पक्ष खुले स्थान पर नमाज अदा कर सके. इसके लिए आवश्यक प्रबंधन और सुरक्षा व्यवस्था भी राज्य सरकार की जिम्मेदारी होगी.

मंदिर परिसर में नमाज की अनुमति नहीं

आदेश में अदालत ने साफ कहा कि 'एएसआई (ASI) द्वारा भोजशाला परिसर में कोई भी ढांचागत बदलाव यानि Structural Changes नहीं किया जाएगा.' सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया कि मुस्लिम पक्ष को भोजशाला मंदिर के भीतर नमाज अदा करने की अनुमति नहीं होगी. अदालत ने कहा कि नमाज केवल भोजशाला परिसर से सटे खुले स्थान पर निर्धारित समय के दौरान ही कराई जाएगी. यह अंतरिम व्यवस्था दोनों पक्षों के हितों को ध्यान में रखकर तय की गई है.

मुस्लिम पक्ष की याचिका पर जारी हुआ नोटिस

यह मामला मध्य प्रदेश हाई कोर्ट के भोजशाला संबंधी फैसले के खिलाफ मुस्लिम पक्ष द्वारा दायर याचिका से जुड़ा है. सुप्रीम कोर्ट ने इस याचिका पर सुनवाई करते हुए केंद्र सरकार, भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई), हिंदू फ्रंट फॉर जस्टिस और अन्य हिंदू पक्षों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है.

दोनों पक्षों के अधिकारों पर अदालत का जोर

सुप्रीम कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि अंतरिम व्यवस्था करते समय सभी पक्षों के अधिकारों का संतुलन बनाए रखना जरूरी है. इसी आधार पर राज्य सरकार को निर्देश दिया गया कि नमाज के लिए अलग खुले स्थान की व्यवस्था की जाए, ताकि निर्धारित समय के दौरान धार्मिक गतिविधियां सुचारु रूप से संचालित हो सकें.

राज्य सरकार करेगी आवश्यक प्रबंधन

अदालत ने स्पष्ट किया कि नमाज के लिए तय किए गए स्थान पर सभी आवश्यक व्यवस्थाएं राज्य सरकार करेगी. इसमें सुरक्षा, आवागमन और अन्य जरूरी इंतजाम शामिल होंगे. अदालत ने कहा कि यह व्यवस्था न्यायालय के निर्देशों के अनुरूप सुनिश्चित की जानी चाहिए.

मामले की आगे भी होगी सुनवाई

सुप्रीम कोर्ट ने संबंधित पक्षों को नोटिस जारी करने के साथ मामले की सुनवाई आगे जारी रखने का संकेत दिया है. फिलहाल अदालत का अंतरिम निर्देश शुक्रवार की नमाज के लिए वैकल्पिक खुले स्थान की व्यवस्था तक सीमित है. याचिका पर सभी पक्षों का जवाब मिलने के बाद मामले में आगे की सुनवाई होगी.