होली पर पसरा मातम! खाना बनाने को लेकर सास के साथ हुआ झगड़ा तो इंजीनियर बहू ने खुद को उतारा मौत के घाट, पति गिरफ्तार
बेंगलुरु में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां 35 वर्षीय पूर्व आईटी इंजीनियर सुषमा ने मंगलवार को घर में फांसी लगाकर अपनी जान दे दी. पुलिस के अनुसार यह घटना घरेलू विवाद के कारण हुई, जिसमें मुख्य रूप से सास कल्पना से खाना पकाने को लेकर झगड़ा हुआ था.
बेंगलुरु में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां 35 वर्षीय पूर्व आईटी इंजीनियर सुषमा ने मंगलवार को घर में फांसी लगाकर अपनी जान दे दी. पुलिस के अनुसार यह घटना घरेलू विवाद के कारण हुई, जिसमें मुख्य रूप से सास कल्पना से खाना पकाने को लेकर झगड़ा हुआ था. सुषमा पहले डेल (Dell) कंपनी में काम करती थीं. पांच साल पहले उनकी शादी पुनीत कुमार से हुई थी और उनके एक चार साल का बेटा है.
सास के साथ हुआ झगड़ा तो बहू ने मौत को लगाया गले
पुलिस ने बताया कि घर में छोटी-छोटी बातों पर अक्सर बहस होती रहती थी. मंगलवार को खाना बनाने को लेकर सुषमा और उनकी सास कल्पना के बीच तीखी नोकझोंक हुई. सुषमा के परिवार का आरोप है कि कल्पना उन्हें रसोई में काम नहीं करने देती थीं और विभिन्न मुद्दों पर लगातार परेशान करती रहती थीं. परेशान होकर सुषमा ने कथित तौर पर खुदकुशी कर ली. घटना के बाद सुषमा के परिवार ने पति पक्ष पर दहेज उत्पीड़न का आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज कराई.
सुषमा के पति पुनीत को किया गिरफ्तार
पुलिस ने इस आधार पर सुषमा के पति पुनीत को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि सास कल्पना की तलाश जारी है. मामले में दहेज उत्पीड़न और आत्महत्या के लिए उकसाने का केस दर्ज किया गया है और जांच चल रही है. यह घटना घरेलू कलह और पारिवारिक दबाव के गंभीर परिणामों को दर्शाती है. बेंगलुरु जैसे शहर में जहां कामकाजी महिलाएं करियर और घर संभालने के दोहरे दबाव में रहती हैं, ऐसी छोटी-छोटी बातें बड़े विवाद में बदल सकती हैं.
विशेषज्ञों का कहना है कि परिवारों में संवाद की कमी और सहानुभूति की जरूरत होती है, ताकि ऐसी दुखद घटनाओं को रोका जा सके. पुलिस जांच में और तथ्य सामने आने की उम्मीद है. सोलादेवनहल्ली पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज किया गया है, जिसमें आत्महत्या के लिए उकसाने और दहेज संबंधी धाराओं के तहत जांच चल रही है. यह घटना घरेलू हिंसा, मानसिक दबाव और संवाद की कमी के गंभीर परिणामों को उजागर करती है. बेंगलुरु जैसे आईटी हब में कामकाजी महिलाएं करियर और घरेलू जिम्मेदारियों के बीच संतुलन बनाने में अक्सर संघर्ष करती हैं.
विशेषज्ञों का मानना है कि परिवारों में खुलकर बातचीत, सहानुभूति और जरूरत पड़ने पर काउंसलिंग से ऐसी दुखद घटनाओं को रोका जा सकता है. सुषमा का छोटा बेटा अब मासूम है, जिसके जीवन पर इस घटना का गहरा असर पड़ेगा.