हरियाणा के गुरुग्राम के सेक्टर 50 पुलिस स्टेशन के स्टेशन हाउस ऑफिसर (SHO) के खिलाफ एक महिला वकील की शिकायत पर बलात्कार सहित कई धाराओं में मामला दर्ज किया गया है. दिल्ली पुलिस ने 22 मई को सब्जी मंडी थाने में जीरो FIR दर्ज की, जिसमें SHO और अन्य पुलिसकर्मियों पर बलात्कार, महिला की गरिमा को ठेस पहुंचाने, अपमान, चोट पहुंचाने और आपराधिक धमकी के आरोप शामिल हैं. वकील ने दावा किया कि 21 मई की रात उसे थाने में 3-3:30 बजे तक हिरासत में रखा गया, जहां उसके साथ दुर्व्यवहार और शारीरिक हमला हुआ.
क्या था पूरा मामला
तीस हजारी कोर्ट में प्रैक्टिस करने वाली वकील ने बताया कि वह 21 मई को अपने क्लाइंट के साथ गुरुग्राम के सेक्टर 51 महिला पुलिस स्टेशन गई थीं, जहां उनके क्लाइंट की पत्नी द्वारा दर्ज मामले की जांच हो रही थी. जांच के बाद दिल्ली लौटते समय क्लाइंट की पत्नी ने उनकी कार रोकी और गाली-गलौज शुरू कर दी. उसने कार की खिड़की पर पत्थर भी फेंका. इसके बाद वकील और उनके क्लाइंट ने पुलिस हेल्पलाइन 112 पर संपर्क किया और शिकायत दर्ज करने के लिए सेक्टर 50 थाने पहुंचे.
मैं तुम्हें वकालत सिखाऊंगा
FIR के अनुसार, जब क्लाइंट शिकायत लिख रहा था, एक महिला कांस्टेबल ने उसे रोकने की कोशिश की. वकील के विरोध करने पर उसे जबरन SHO के कमरे में ले जाया गया. SHO ने धमकी दी, “तुम गुरुग्राम में हो, दिल्ली में नहीं. यहां रोज 365 वकील आते हैं. मैं तुम्हें वकालत सिखाऊंगा. तुम्हें हमारी ताकत नहीं पता, मैं जो चाहूंगा, वही करूंगा.” इसके बाद SHO ने कांस्टेबल को कमरा छोड़ने का आदेश दिया. वकील को रातभर हिरासत में रखा गया और अगली सुबह पुलिस जमानत पर रिहा किया गया. गुरुग्राम पुलिस ने वकील के खिलाफ भी मामला दर्ज किया है.
जांच की स्थिति
एक रिपोर्ट के अनुसार, SHO या थाने के लैंडलाइन नंबर पर संपर्क नहीं हो सका. जीरो FIR को अब गुरुग्राम पुलिस को जांच के लिए हस्तांतरित किया जाएगा. यह घटना पुलिस व्यवस्था की जवाबदेही पर सवाल उठाती है.