नई दिल्ली: राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में जून के आखिरी दिन लोगों को भीषण गर्मी और उमस का सामना करना पड़ा. मंगलवार शाम तक मौसम का असर इतना तीव्र था कि लोगों को तापमान वास्तविक आंकड़ों से कहीं अधिक महसूस हुआ. मौसम विभाग के अनुसार अधिकतम तापमान 40 से 41 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया, लेकिन उमस और गर्म हवाओं के कारण महसूस होने वाला तापमान 53.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया. इससे दिनभर बाहर निकलना लोगों के लिए बेहद चुनौतीपूर्ण रहा.
मंगलवार शाम 5:30 बजे दिल्लीवासियों ने असामान्य गर्मी का अनुभव किया. मौसम विभाग के रिकॉर्ड में तापमान 40 से 41 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा, लेकिन वातावरण में मौजूद नमी और गर्म हवाओं ने गर्मी का असर कई गुना बढ़ा दिया. इसी वजह से लोगों को ऐसा महसूस हुआ मानो तापमान 53.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया हो. सड़कों और बाजारों में लोगों को भारी परेशानी झेलनी पड़ी.
दिल्ली के विभिन्न मौसम केंद्रों पर तापमान सामान्य से अधिक दर्ज किया गया. सफदरजंग में अधिकतम तापमान 40.5 डिग्री सेल्सियस, पालम में 41 डिग्री और लोधी रोड पर 40.1 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया. रिज वेधशाला सबसे गर्म केंद्र रही, जहां तापमान 41.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया. अयानगर में भी तापमान सामान्य से करीब दो डिग्री अधिक दर्ज किया गया.
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि दिल्ली इस समय दो तरह की मौसम प्रणालियों के प्रभाव में है. पाकिस्तान की ओर से आने वाली शुष्क और गर्म पछुआ हवाएं तापमान बढ़ा रही हैं, जबकि अरब सागर से आने वाली नमी वातावरण में उमस पैदा कर रही है. गर्मी और नमी के इस मेल से शरीर को वास्तविक तापमान से कहीं अधिक गर्मी महसूस होती है, जिसे हीट इंडेक्स या फील्स लाइक तापमान कहा जाता है.
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार दिन के दौरान बादल बनने की प्रक्रिया जारी रही, लेकिन उनमें पर्याप्त नमी नहीं होने के कारण अच्छी बारिश नहीं हो सकी. आमतौर पर शाम के समय बनने वाले ये बादल तापमान को कम करने के बजाय उमस बढ़ा देते हैं. नतीजतन लोगों को गर्मी से राहत नहीं मिल पाती और वातावरण अधिक बोझिल महसूस होता है.
भीषण गर्मी के बावजूद भारत मौसम विज्ञान विभाग ने स्पष्ट किया कि दिल्ली में आधिकारिक तौर पर लू की स्थिति नहीं बनी. विभाग के अनुसार हरियाणा-चंडीगढ़-दिल्ली उपमंडल में लू घोषित करने के लिए कम से कम दो वेधशालाओं पर निर्धारित मानकों का पूरा होना जरूरी है. उपलब्ध आंकड़ों के आधार पर ऐसी स्थिति नहीं बनी, इसलिए मंगलवार को लू दर्ज नहीं की गई.