menu-icon
India Daily

एक कॉल पर मदद के लिए सरकार तैयार! छत्तीसगढ़ में शुरू हुई CM हेल्पलाइन 1076, तुरंत होगा समाधान

छत्तीसगढ़ में आम नागरिकों की समस्याओं को सुनने और जल्द हल करने के लिए मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076 की शुरुआत हो गई है. मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने रायपुर स्थित मंत्रालय से इस सेवा का शुभारंभ किया.

Meenu Singh
Edited By: Meenu Singh
एक कॉल पर मदद के लिए सरकार तैयार! छत्तीसगढ़ में शुरू हुई CM हेल्पलाइन 1076, तुरंत होगा समाधान
Courtesy: X (@vijaysharmacg)

रायपुर: छत्तीसगढ़ में आम नागरिकों की समस्याओं को सुनने और जल्द हल करने के लिए मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076 की शुरुआत हो गई है. मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने रायपुर स्थित मंत्रालय से इस सेवा का शुभारंभ किया. अब राज्य का कोई भी नागरिक केवल एक फोन करके अपनी शिकायत सीधे सरकार तक पहुंचा सकता है. यह हेल्पलाइन सुशासन, पारदर्शिता और जवाबदेही की दिशा में एक बड़ा कदम है.

क्या है मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076?

मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076 छत्तीसगढ़ सरकार की एक नई पहल है जिसके जरिए नागरिक अपनी शिकायतें, सुझाव और सरकारी योजनाओं पर प्रतिक्रिया सीधे दर्ज करा सकते हैं. यह सेवा पूरी तरह निशुल्क है और 24*7 तीन शिफ्ट में काम करती है. यानी सुबह हो, रात हो या छुट्टी का दिन, शिकायत दर्ज कराने का रास्ता हमेशा खुला रहेगा.

42 विभाग और 8 हजार अधिकारी जुड़े

इस हेल्पलाइन की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इससे राज्य के 42 सरकारी विभाग जोड़े गए हैं. इन विभागों में करीब आठ हजार अधिकारी और कर्मचारी शामिल हैं. 

कुल 1195 श्रेणियों में शिकायतों का निपटारा किया जाएगा. इससे नागरिकों को अलग-अलग दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे.

व्हाट्सएप से भी भेज सकेंगे शिकायत

इस सेवा को व्हाट्सएप से भी जोड़ा गया है. जिन लोगों को फोन पर बात करने में असुविधा हो वे अपने मोबाइल से व्हाट्सएप के जरिए भी शिकायत भेज सकते हैं. 

इससे खासतौर पर गांवों और दूर-दराज के इलाकों में रहने वाले लोगों को बड़ी राहत मिलेगी. सरकार ने इस सेवा को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने के लिए सरल और सुलभ बनाया है.

हर शिकायत को मिलेगी अलग पहचान संख्या

शिकायत दर्ज होते ही उसे एक विशेष पहचान संख्या दी जाएगी. इस संख्या की मदद से शिकायतकर्ता अपनी शिकायत की स्थिति ऑनलाइन देख सकेगा. पूरी प्रक्रिया की निगरानी सचिव स्तर के वरिष्ठ अधिकारी एक डैशबोर्ड के जरिए करेंगे. मुख्यमंत्री सचिवालय भी इस पूरी व्यवस्था पर सीधी नजर रखेगा.

संतुष्ट नहीं हुए तो होगी उच्च स्तरीय समीक्षा

अगर किसी नागरिक को अपनी शिकायत के समाधान से संतोष नहीं होता तो उसका मामला उच्च स्तरीय अधिकारियों के पास दोबारा जांच के लिए भेजा जाएगा. इससे यह सुनिश्चित होगा कि कोई भी शिकायत बिना उचित समाधान के बंद न हो. पारदर्शिता बनाए रखने के लिए पूरी प्रक्रिया डिजिटल रूप से दर्ज रहेगी.

मुख्यमंत्री ने खुद उठाया फोन

शुभारंभ के अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने हेल्पलाइन पर आई एक कॉल खुद उठाई. रायपुर के निवासी पूनाराम ठाकरे ने आय प्रमाण पत्र न बनने की शिकायत की थी. मुख्यमंत्री ने उन्हें जल्द समाधान का भरोसा दिलाया. यह क्षण इस बात का प्रमाण था कि सरकार सच में जनता की बात सुनने को तैयार है.