गरियाबंद: छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले के फिंगेश्वर थाना क्षेत्र के हथखोज गांव में रविवार को सांप्रदायिक तनाव तब भड़क गया जब दो समुदायों के बीच हिंसक झड़प बढ़ गई. गांव में आगजनी और तोड़फोड़ की घटनाएं सामने आईं.
रिपोर्ट्स के मुताबिक करीब चार महीने पहले इसी इलाके में कुछ आपराधिक तत्वों द्वारा राहगीरों को लूटने और मारपीट करने के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुए थे. इन्हीं आरोपियों ने पहले गांव के शिव मंदिर में तोड़फोड़ की थी. जिसके बाद फिंगेश्वर पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था.
#WATCH | Gariaband, Chhattisgarh | Heavy police force has been deployed in Dutkaiya village after a clash between two groups. https://t.co/clrAK1UHdD pic.twitter.com/9XYAUPGoTV
— ANI (@ANI) February 1, 2026
हाल ही में जेल से रिहा हुए आरोपियों ने एक बार फिर बकली गांव में शिकायतकर्ता और गांव वालों पर हमला कर दिया. हथियारों से लैस आरोपियों ने गांव वालों पर बेरहमी से हमला किया. इस घटना ने जल्दी ही सांप्रदायिक रूप ले लिया और दोनों समुदाय आमने-सामने आ गए. एक समुदाय के हमले से दूसरे समुदाय में व्यापक गुस्सा फैल गया.
गुस्साए गांव वालों ने आरोपियों के घरों में आग लगा दी और तीन से चार गाड़ियां जला दीं. स्थिति की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और गांव में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया.
आग पर काबू पाने के लिए फायर टेंडर तैनात किए गए हैं, जबकि घायलों के लिए एम्बुलेंस सेवाओं का इंतजाम किया गया है. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि स्थिति को नियंत्रण में लाने की कोशिश की जा रही है, लेकिन स्थिति तनावपूर्ण और चिंताजनक बनी हुई है. पूरे मामले की जांच चल रही है, और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की बात कही जा रही है.
गांव वालों का कहना है कि यह घटना एक मंदिर को गिराने से जुड़ी है. हमले के बारे में गांव के जितेंद्र कुमार यादव ने बताया कि यह घटना सुबह करीब 11 बजे हुई. गोपी मेरे गांव का है. उसने सड़क से आवाज लगाई और बताया कि दूसरे समुदाय के लोग उसके बेटे को धमकी दे रहे हैं और उस पर पत्थर फेंक रहे हैं. फिर हम मौके पर गए और देखा कि हमलावरों ने उसे पत्थरों से मारा था. इसी दौरान हमें पता चला कि हमलावरों ने बासिन में रेखराम को भी पीटा था.
जब हम बकुली से घर लौट रहे थे, तो हमें पता चला कि बकुली में गांव के चौक के बीच नरेंद्र साहू को पीटा गया है. हमलावरों ने आज 4 से 5 लोगों को पीटा है. उन्होंने आगे बताया कि इन लोगों ने करीब डेढ़ साल पहले गांव के शिव मंदिर को गिरा दिया था. यह मामला अभी कोर्ट में है. उन्हें जमानत पर रिहा कर दिया गया. यह विवाद इसी वजह से चल रहा है और इसी वजह से ये हमले हो रहे हैं.