कांकेर: छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में भालू के हमले की दर्दनाक घटना सामने आई है. नरहरपुर वन परिक्षेत्र के लारगांव मरकाटोला गांव में एक भालू के हमले में भाई और बहन की मौत हो गई, जबकि एक अन्य महिला गंभीर रूप से घायल हो गई. घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत का माहौल है. वन विभाग ने ग्रामीणों को सतर्क रहने और प्रभावित क्षेत्र से दूर रहने की सलाह दी है.
वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार यह घटना दोपहर के समय हुई, जब तीनों भाई बहन अपने खेत में काम कर रहे थे. इसी दौरान भालू ने उन पर हमला कर दिया. हमले में 38 वर्षीय हलाल खोर जुर्री और उनकी 40 वर्षीय बहन चमरीन बाई की मौके पर ही मौत हो गई. वहीं 30 वर्षीय खोरिन बाई गंभीर रूप से घायल हो गईं. उन्हें इलाज के लिए कांकेर के अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका उपचार जारी है.
घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और इलाके की घेराबंदी की. अधिकारियों ने बताया कि भालू के व्यवहार पर लगातार नजर रखी जा रही है ताकि किसी अन्य व्यक्ति पर हमला न हो. वन विभाग ने आसपास के गांवों के लोगों को सतर्क रहने और अकेले जंगल या खेतों की ओर नहीं जाने की सलाह दी है.
स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि कुछ दिन पहले एक मादा भालू के शावक की मौत हो गई थी. उनका मानना है कि इसके बाद से मादा भालू का व्यवहार अधिक आक्रामक हो गया है. हालांकि वन विभाग इस संबंध में सभी पहलुओं की जांच कर रहा है और भालू के हमले के कारणों का भी पता लगाया जा रहा है.
घटना के बाद सोशल मीडिया पर एक वीडियो भी सामने आया, जिसमें भालू मृतकों के शवों के पास दिखाई दे रहा है. अधिकारियों ने लोगों से ऐसे वीडियो साझा करने के बजाय सुरक्षा निर्देशों का पालन करने की अपील की है.
मौके पर पहुंचे कांकेर के विधायक आशाराम नेताम ने बताया कि जब वन विभाग की टीम घटनास्थल पर पहुंची, तब भालू वहीं मौजूद था. उन्होंने कहा कि वन विभाग की टीम लगातार निगरानी कर रही है और ग्रामीणों की सुरक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं.
वन विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे जंगल वाले क्षेत्रों में सावधानी बरतें, बच्चों को अकेले बाहर न भेजें और किसी भी वन्यजीव के दिखने पर तुरंत विभाग को सूचना दें. अधिकारियों का कहना है कि स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त सुरक्षा उपाय किए जाएंगे.