बिहार में चर्चित कोचिंग संस्थान विवाद ने एक नया मोड़ ले लिया है. जमानत मिलने के बाद ज्ञान बिंदु जीएस अकादमी के निदेशक रोशन आनंद ने कई गंभीर आरोप लगाए हैं. उन्होंने दावा किया कि उन्हें एक साजिश के तहत मामले में फंसाया गया और उनके भाई की हत्या भी योजनाबद्ध तरीके से कराई गई. रोशन आनंद ने अपनी सुरक्षा को लेकर चिंता जताते हुए पुलिस से संरक्षण मांगा है.
रिपोर्टरों से बातचीत में रोशन आनंद ने आरोप लगाया कि पूरी योजना के साथ उनके भाई की हत्या की गई. उन्होंने कहा, 'मेरे खिलाफ साजिश रची गई. फैजल खान और किसान कोल्ड स्टोरेज के मालिक आरएस प्रसाद ने कथित तौर पर पूरा षड्यंत्र रचकर मेरे भाई की हत्या की. जब मैं बाहर था तो मेरे भाई को कुछ नहीं हुआ लेकिन जब मैं जेल गया तो उसे मार दिया गया. यह एक षड्यंत्र था...फैजल खान ने कई झूठ बोले...हमारी तरफ से कोई गोलीबारी नहीं हुई, लेकिन उसने कहा कि हमने फायरिंग की....सीसीटीवी फुटेज से साफ पता चलता है कि किसने गोलीबारी की...यह फैजल खान था...इसके बावजूद वह जेल से बाहर है और पुलिस ने उसे गिरफ्तार भी नहीं किया है. उन्होंने यह भी दावा किया कि घटना से जुड़े कुछ तथ्य और रिकॉर्ड मौजूद हैं, जिनकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए. हालांकि इन आरोपों पर संबंधित पक्षों की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है.
#WATCH | Patna, Bihar: After being released on bail in the 'Khan Sir' coaching centre vandalism case, Gyan Bindu GS Academy director Raushan Anand says, "The room owner's son has opened a gym worth crores of rupees. Where does that money come from? He deals in cash. An attempt… pic.twitter.com/EsIbQMef4h
— ANI (@ANI) June 15, 2026
रोशन आनंद ने कहा कि उन्हें अपनी जान का खतरा महसूस हो रहा है. उन्होंने सवाल उठाया कि उनकी गिरफ्तारी किन परिस्थितियों में हुई और क्या मामले की जांच पूरी निष्पक्षता से की गई थी. उन्होंने पुलिस प्रशासन से सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग की. उनका कहना है कि यदि उनके भाई के साथ ऐसी घटना हो सकती है, तो उनकी सुरक्षा को लेकर भी चिंता स्वाभाविक है. उन्होंने यह भी कहा कि मामले की जांच सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर की जानी चाहिए ताकि सच्चाई सामने आ सके.
अपने भाई की मौत को लेकर रोशन आनंद ने केंद्रीय जांच ब्यूरो यानी सीबीआई से जांच कराने की मांग की है. उन्होंने सरकार से अपील की कि पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराई जाए. साथ ही उन्होंने नए सिरे से पोस्टमार्टम और तथ्यों की समीक्षा की भी मांग की. उनका कहना है कि परिवार न्याय की उम्मीद में संघर्ष जारी रखेगा. रोशन आनंद ने विश्वास जताया कि निष्पक्ष जांच होने पर पूरे घटनाक्रम की वास्तविक तस्वीर सामने आएगी और जिम्मेदार लोगों की भूमिका स्पष्ट होगी.