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India Daily

SIR के खिलाफ राहुल गांधी का हल्लाबोल, कल से बिहार में शुरू करेंगे 'वोट अधिकार यात्रा'

बिहार के पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अखिलेश प्रसाद सिंह ने कहा कि राहुल गांधी 'वोट अधिकार यात्रा' समाप्त होने तक एक पखवाड़े से अधिक समय तक बिहार में रह सकते हैं.

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Edited By: Mayank Tiwari
SIR के खिलाफ राहुल गांधी का हल्लाबोल, कल से बिहार में शुरू करेंगे 'वोट अधिकार यात्रा'
Courtesy: X@srinivasiyc

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी रविवार (17 अगस्त 2025) को बिहार में वोट अधिकार यात्रा शुरू करेंगे, ताकि विशेष गहन संशोधन (एसआईआर) के जरिए मतदाता अधिकारों पर कथित हमले को उजागर किया जा सके. शनिवार (16 अगस्त 2025) को पटना में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अखिलेश प्रसाद सिंह ने कहा कि लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी इस यात्रा के लिए बिहार में 15 दिनों तक रहेंगे. यह यात्रा 1 सितंबर को पटना में एक विशाल रैली के साथ समाप्त होगी.

सासाराम से शुरू होगी यात्रा

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, बिहार के पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अखिलेश प्रसाद सिंह ने बताया, "राहुल गांधी सासाराम से इस यात्रा की शुरुआत करेंगे. सभी जरूरी अनुमतियां संबंधित अधिकारियों से प्राप्त कर ली गई हैं." यह यात्रा बिहार के 25 जिलों को कवर करेगी और विधानसभा चुनाव से पहले इंडिया गठबंधन के पक्ष में माहौल बनाएगी. यात्रा के दौरान 20, 25 और 31 अगस्त को तीन "विराम दिन" होंगे.

यात्रा में मिलेगा गठबंधन नेताओं का साथ

सासाराम में कांग्रेस सांसद और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के साथ बिहार विधानसभा में विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव और इंडिया गठबंधन के अन्य सहयोगी, जिसमें तीन वामपंथी दल शामिल हैं, वे सभी भी यात्रा में मौजूद रहेंगे.इसके साथ ही अखिलेश प्रसाद सिंह ने कहा, "1 सितंबर को पटना में होने वाली अंतिम रैली में हम अधिक से अधिक समान विचारधारा वाले दलों के नेताओं को शामिल करने का प्रयास करेंगे." यह यात्रा मतदाताओं के अधिकारों की रक्षा और लोकतांत्रिक प्रक्रिया को मजबूत करने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम होगी.

जानें इस यात्रा का क्या है मकसद! 

बिहार में मतदाता सूची के संशोधन में कथित अनियमितताओं को उजागर करने और जनता के बीच जागरूकता फैलाने के लिए आयोजित की जा रही है. कांग्रेस का मानना है कि यह अभियान न केवल मतदाता अधिकारों की रक्षा करेगा, बल्कि आगामी विधानसभा चुनाव में गठबंधन की स्थिति को भी मजबूत करेगा.