विजय हजारे ट्रॉफी का फाइनल कर्नाटक और विदर्भ के बीच खेला जा रहा है. पहले बल्लेबाजी करते हुए कर्नाटक ने विदर्भ के सामने 349 रनों का टारगेट दिया है. रन का पिछा करते हुए विदर्भ ने शुरुआत अच्छी नहीं रही. कप्तान करुण नायर आउट हो गए.
करुण नायर से फाइनल मैच में एक कप्तानी पारी की उम्मीद थी, लेकिन यहां वे चूक गए. संभल कर शुरुआत करने के बाद नायर आउट हो गए. कर्नाटक के लिए यह एक बहुत बड़ा विकेट है. प्रसिद्द कृष्णा ने उन्हें बोल्ड कर दिया. उन्हें आउट करने के लिए कुछ असामान्य की जरूरत थी और यह गेंद थोड़ी नीची रही। बैक ऑफ़ लेंथ डिलीवरी में बाउंस कम थी जिसे करुण नायर संभाल नहीं पाए. उन्होंने 31 गेंदों में 7 रन बनाए. इससे पहले करुण नायर ने विजय हजार ट्रॉफी में खेली गई 7 इनिंग में 700 के औसत से 5 शतक लगाकर 752 रन बनाए थे.
Big wicket 💪
Prasidh Krishna gets the crucial wicket of Karun Nair 🙌#VijayHazareTrophy | @IDFCFIRSTBank
Scorecard ▶️ https://t.co/ZZjfWXaajB pic.twitter.com/0D0CUIyuYO— BCCI Domestic (@BCCIdomestic) January 18, 2025Also Read
कर्नाटक के कप्तान मयंक अग्रवाल (32), देवदत्त पडिक्कल (8) और केवी अनिश (23) जल्द ही पवेलियन लौट गए, जिससे कर्नाटक का स्कोर 67 रन पर 3 विकेट के नुकसान से कमजोर हो गया. लेकिन इसके बाद रविचंद्रन स्मरण और केएल श्रीजित ने शानदार साझेदारी की और टीम को मुश्किल परिस्थितियों से बाहर निकाला. इन दोनों बल्लेबाजों ने चौथे विकेट के लिए 160 रन की मजबूत साझेदारी की, जिसने कर्नाटक को एक मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया.
दोनों टीमों की प्लेइंग इलेवन
विदर्भ : ध्रुव शौरी, यश राठौड़, करुण नायर (कप्तान), जितेश शर्मा (विकेटकीपर), शुभम दुबे, अपूर्व वानखड़े, हर्ष दुबे, नचिकेत भुटे, यश कदम, दर्शन नालकंडे, यश ठाकुर
कर्नाटक : मयंक अग्रवाल (कप्तान), देवदत्त पडिक्कल, अनीश केवी, स्मरण रविचंद्रन, कृष्णन श्रीजीत (विकेटकीपर), अभिनव मनोहर, श्रेयस गोपाल, हार्दिक राज, प्रसिद्ध कृष्णा, वासुकी कौशिक, अभिलाष शेट्टी