नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट के सबसे आक्रामक और प्रतिभाशाली विकेटकीपर बल्लेबाजों में गिने जाने वाले ऋषभ पंत इन दिनों लगातार चर्चा में बने हुए हैं. IPL 2026 में उनके प्रदर्शन ने क्रिकेट फैंस और विशेषज्ञों को चौंकाया है.
एक तरफ लखनऊ सुपर जायंट्स का पूरा अभियान उम्मीदों के मुताबिक नहीं रहा, वहीं दूसरी ओर इंटरनेशनल क्रिकेट में भी पंत की जगह और भूमिका पर संकट है. कभी टेस्ट क्रिकेट में भारत के सबसे बड़े मैच विनर माने जाने वाले पंत इस समय अपने करियर के कठिन दौर से गुजरते नजर आ रहे हैं.
IPL 2026 में लखनऊ सुपर जायंट्स ने पंत को कप्तान बनाकर बड़े भरोसे के साथ मैदान में उतारा था. आईपीएल इतिहास के सबसे महंगे 27 करोड़ में बिकने वाले खिलाड़ी का सीजन लगातार उतार-चढ़ाव भरा रहा. बल्लेबाजी में वह बड़ी पारियां खेलने में संघर्ष करते दिखाई दिए और साथ ही उनकी कप्तानी पर भी सवाल उठे. केवल इस साल ही नहीं पिछले सीजन भी ऋषभ पंत की यही कहानी रही थी.
बता दें ऋषभ पंत ने इस सीजन 13 पारियों में शिरकत की है जिसमें उन्होंने 28.36 की औसत और 138.05 की स्ट्राइक रेट से 312 रन बनाए हैं. इस दौरान उनके बल्ले से केवल एक ही अर्धशतक आया था.
सीजन के दौरान पंत ने कुछ तेज पारियां जरूर खेलीं, लेकिन निरंतरता की कमी साफ दिखाई दी. कई मैचों में वह छोटी गेंदों और स्पिन के खिलाफ संघर्ष करते नजर आए. क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि कप्तानी का दबाव उनकी बल्लेबाजी को प्रभावित कर रहा है. जिस कारण वह खुलकर खेल नहीं पा रहे हैं.
रिपोर्ट्स के मुताबिक IPL 2026 के खराब प्रदर्शन के बाद लखनऊ सुपर जायंट्स टीम मैनेजमेंट कप्तानी में बदलाव पर विचार कर सकता है. टीम इस सीजन में प्लेऑफ की रेस से जल्दी बाहर हो गई, जिससे फ्रेंचाइजी के अंदर बड़े बदलावों की चर्चा शुरू हो गई है.
कुछ मुकाबलों के बाद पंत खुद भी निराश नजर आए. पंजाब किंग्स के खिलाफ आखिरी लीग मैच में उन्होंने फैंस से माफी तक मांगी थी.
IPL की खराब फॉर्म का असर अब इंटरनेशनल क्रिकेट पर भी दिखाई देने लगा है. हाल ही में भारत की अफगानिस्तान सीरीज के लिए घोषित वनडे टीम में पंत को जगह नहीं मिली. इसके अलावा टेस्ट टीम की उपकप्तानी भी उनसे छिनकर केएल राहुल (KL Rahul) को सौंप दी गई.
यह फैसला भारतीय क्रिकेट में बड़े बदलाव के संकेत के रूप में देखा जा रहा है. चयनकर्ताओं का मानना है कि फिलहाल टीम मैनेजमेंट नए संयोजन पर काम करना चाहता है.
अब अगर ऋषभ पंत के इंटरनेशनल क्रिकेट की बात करें तो उनकी उन्होंने टेस्ट क्रिकेट में कुल 49 मैच खेले हैं जिनकी 86 पारियों में उन्होंने 42.91 की औसत से 3476 रन बनाए हैं. वहीं वनडे में उन्होंने 31 मैच खेले हैं जिनमें उन्होंने 33.50 की औसत से 871 रन बनाए हैं. इसके अलावा टी20 में 76 मैच खेले हैं जिनमें उन्होंने 23.25 की औसत से 1209 बनाए हैं.
भले ही सफेद गेंद क्रिकेट में पंत संघर्ष कर रहे हों, लेकिन टेस्ट क्रिकेट में उनकी अहमियत अब भी बेहद बड़ी मानी जाती है. ऑस्ट्रेलिया के गाबा टेस्ट, इंग्लैंड दौरे और दक्षिण अफ्रीका में खेली गई उनकी पारियां आज भी फैंस भूल नहीं पाएं हैं.