आईपीएल 2026 की शुरुआत 28 मार्च को हो रही है और पहला मुकाबला डिफेंडिंग चैंपियन रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु और सनराइजर्स हैदराबाद के बीच खेला जाएगा. चिन्नास्वामी स्टेडियम में होने वाले इस मैच से पहले आरसीबी के सामने कई चुनौतीपूर्ण फैसले हैं. चोटों और टीम कॉम्बिनेशन को लेकर चिंता बढ़ी है, वहीं विशेषज्ञ आकाश चोपड़ा ने तीन महत्वपूर्ण सवाल उठाए हैं जिनका जवाब आरसीबी को तुरंत ढूंढना होगा. यही फैसले तय करेंगे कि टीम अपने खिताब बचाव को कितनी मजबूती से शुरू करेगी.
आरसीबी की बल्लेबाजी इस बार भी बेहद मजबूत दिखाई देती है, लेकिन ओपनिंग स्लॉट पर कोचिंग स्टाफ के सामने दुविधा है. आकाश चोपड़ा के अनुसार, देवदत्त पडिक्कल पिछले सीजन में शानदार रहे थे, इसलिए उन्हें जगह मिलना स्वाभाविक है. वहीं वेंकटेश अय्यर ऑलराउंड विकल्प देते हैं, जो टीम बैलेंस को मजबूत कर सकते हैं. आरसीबी को तय करना होगा कि स्थिरता महत्वपूर्ण है या अतिरिक्त गेंदबाजी विकल्प.
आरसीबी का विदेशी संयोजन इस सीजन में बड़ा सवाल है. आकाश चोपड़ा ने बताया कि रोमारियो शेफर्ड, फिल सॉल्ट और टिम डेविड लगभग तय माने जा रहे हैं. चौथे स्लॉट पर निर्भर करेगा कि जोश हेजलवुड फिट होते हैं या नहीं. यदि वे उपलब्ध नहीं होते, तो टीम डफी को मौका दे सकती है. यह चयन पावर-हिटिंग और डेथ बॉलिंग के संतुलन पर सीधा असर डालेगा.
यश दयाल के बाहर होने से आरसीबी की भारतीय पेस अटैक पर दबाव बढ़ गया है. अब दो विकल्प सामने हैं- रसीक सलाम और मंगेश यादव. आकाश चोपड़ा के अनुसार, नेट्स में जो खिलाड़ी अधिक प्रभावी दिखेगा, वही चुना जाएगा. हालांकि, उन्हें लगता है कि मंगेश यादव डेब्यू कर सकते हैं, क्योंकि उनकी गति और नियंत्रण टीम को नई दिशा दे सकते हैं.
कई खिलाड़ियों की फिटनेस ने आरसीबी की तैयारियों को झटका दिया है. हेजलवुड और अन्य गेंदबाजों की उपलब्धता टीम बैलेंस को प्रभावित कर रही है. यह सीजन आरसीबी को बेंच स्ट्रेंथ पर भरोसा दिखाने की परीक्षा लेगा. टीम मैनेजमेंट को शुरुआती मैचों में संयम और दूरदृष्टि दोनों रखनी होगी.
पिछले सीजन की चैंपियन आरसीबी इस बार भी मजबूत दिख रही है, लेकिन शुरुआती फैसले उनके अभियान की दिशा तय करेंगे. आकाश चोपड़ा के अनुसार, यदि आरसीबी सही कॉम्बिनेशन के साथ उतरती है, तो टीम दोबारा खिताब जीतने की क्षमता रखती है. पहला मैच उनके आत्मविश्वास और गति के लिए बेहद महत्वपूर्ण होगा.