नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट टीम के स्टार बल्लेबाज विराट कोहली ने हाल ही में फैंस के व्यवहार को लेकर एक दिलचस्प लेकिन संवेदनशील बात कही. उन्होंने बताया कि जब वे बल्लेबाजी के लिए मैदान में उतरते हैं, तो जिस तरह का शोर और उत्साह देखने को मिलता है वैसा ही अनुभव पहले महेंद्र सिंह धोनी के साथ भी होता था. कोहली ने इसे लेकर फैंस से एक खास अपील भी की है.
न्यूजीलैंड के खिलाफ बड़ौदा में खेले गए वनडे मुकाबले में विराट कोहली ने शानदार 93 रनों की पारी खेली और भारत को चार विकेट से जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई. जैसे ही रोहित शर्मा आउट हुए और विराट कोहली बल्लेबाजी के लिए आए, स्टेडियम में जोरदार शोर गूंज उठा. फैंस के इस जोश ने सबका ध्यान खींचा.
विराट कोहली ने कहा कि 'यह वही स्थिति है, जो पहले एमएस धोनी के साथ भी देखने को मिलती थी. जब धोनी मैदान में उतरते थे, तो विकेट गिरने के बावजूद फैंस खुशी से झूम उठते थे. कोहली के मुताबिक यह उत्साह भले ही प्यार से भरा हो लेकिन आउट होकर लौटने वाले खिलाड़ी के लिए यह अच्छा अनुभव नहीं होता.'
पोस्ट मैच प्रेजेंटेशन में विराट कोहली ने साफ कहा कि उन्हें यह व्यवहार अच्छा नहीं लगता. उन्होंने कहा कि 'वे फैंस की भावनाओं को समझते हैं लेकिन किसी खिलाड़ी के आउट होने पर इस तरह जश्न मनाना सही नहीं है. इससे उस खिलाड़ी का मनोबल प्रभावित हो सकता है.'
कोहली ने फैंस से अपील करते हुए कहा कि क्रिकेट एक टीम गेम है और हर खिलाड़ी का सम्मान होना चाहिए. उन्होंने कहा कि 'वे फैंस के प्यार के लिए आभारी हैं और इसे अपने जीवन का सौभाग्य मानते हैं कि वे लोगों के चेहरों पर खुशी ला पा रहे हैं.'
इस मैच में विराट कोहली को प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया. यह उनके वनडे करियर का 45वां ऐसा अवॉर्ड था. इस पर उन्होंने कहा कि वे इन आंकड़ों पर ज्यादा ध्यान नहीं देते. वे अपने सभी अवॉर्ड अपनी मां को भेज देते हैं, जिन्हें ट्रॉफी संभालना बहुत पसंद है.