menu-icon
India Daily

FIFA World Cup 2026 Golden Boot Race: 'डिक्टेटर' एमबाप्पे-फुटबॉल के 'भगवान' मेसी में छिड़ी सोने के जूते की जंग, कौन मारेगा बाजी?

दुनिया का सबसे बड़ा फुटबॉल मंच और उस पर चल रही है अब तक की सबसे रोमांचक गोल्डन बूट रेस. फीफा वर्ल्ड कप 2026 में हर मैच के साथ यह दौड़ और तेज होती जा रही है.

Ashutosh
Edited By: Ashutosh Rai
FIFA World Cup 2026 Golden Boot Race: 'डिक्टेटर' एमबाप्पे-फुटबॉल के 'भगवान' मेसी में छिड़ी सोने के जूते की जंग, कौन मारेगा बाजी?
Courtesy: X

फुटबॉल का फीवर पूरी दुनिया पर छाया हुआ है. 2010, 2014, 2018, 2022 हर साल एक ही प्रश्न की कब फुटबॉल जगत के सबसे बड़े सितारे खेल के सबसे बड़े मंच पर अपना जादू बिखेरेंगे. 2026 में ये ड्रीम पूरी होती दिख रही है. वर्ल्ड कप की सबसे रोमांचक गोल्डन बूट रेस इस समय अमेरिकी धर्ती पर चल रही है. हर मैच के साथ ये दौड़ और भी दिलचस्प होती जा रही है. 

इस मंच पर यूरोप के सबसे बड़े खिलाड़ियों का दबदबा दिख रहा है. एक तरफ फ्रांस का रॉकेट एमबाप्पे है, तो दूसरी तरफ फुटबॉल के भगवान मेसी. इन दोनों को चुनौती दे रहे हैं हालैंड, केन, डेम्बेले और विनिसियस. यह सिर्फ गोलों की लड़ाई नहीं है, वर्ल्ड कप के इतिहास की सबसे बड़ी जंग है. आईए देखते हैं कि किसका पलड़ा भारी है.

किलियन एमबाप्पे — फ्रांस (DICTATOR)

6 गोल | 2 असिस्ट

रफ्तार, जादू और मैच जिताने की काबिलियत के साथ एमबाप्पे फिलहाल इस रेस में सबसे आगे हैं. सिर्फ गोल से नहीं अपने 2 असिस्ट वो अकेले पूरी टीम चला रहे हैं. हर मैच में डिफेंडर उनसे डरते हैं, उनके लिए टीमें अलग से रणनीति बना रहीं लेकिन फिर भी गोल तो आना ही हैं. अगर यही रफ्तार रही तो गोल्डन बूट एमबाप्पे के पास एक बार फिर जाएगा. राउंड ऑफ 32 में भी एमबाप्पे ने दो गोल दागकर मेसी की बराबरी की थी.

KYLIAN MBAPPE
KYLIAN MBAPPE (X)

लियोनेल मेसी — अर्जेंटीना (GOD OF FOOTBALL)

6 गोल | 0 असिस्ट

39 साल की उम्र और 6 गोल. यही मेसी का जादू है. फुटबॉल का भगवान बुढ़ा ही क्यों ना हो गया हो लेकिन अभी भी किसी यंग सुपरस्टार से कम नहीं. उन्होंने इस वर्ल्ड कप में क्लोज का 17 गोल का रिकॉर्ड तोड़ा और अब इतिहास लिखने की भूख मिटती नहीं दिख रही है. एक मैच में  पेनल्टी मिस भी हुई लेकिन मेसी कभी हार नहीं मानते. उन्होंने इस वर्ल्ड कप की शुरूआत ही हॅटट्रीक से की थी. वह  एमबाप्पे के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़े हैं और ऐसा लग रहा है कि यह रेस आखिरी मैच तक जाएगी.

Lionel Messi
Lionel Messi (X)

हैरी केन — इंग्लैंड (SIR HARRY)

5 गोल | 0 असिस्ट

क्लासिक नंबर 9 का असली प्रतिनिधि. बॉक्स में घुसे और गोल किए. बिना चमक-धमक के, बिना ड्रिब्लिंग के सिर्फ गोल, सिर्फ काम. इंग्लैंड को नॉकआउट तक लाने में केन की सबसे बड़ी भूमिका है. अगर इंग्लैंड आगे बढ़ता रहा तो केन का आंकड़ा भी बढ़ता रहेगा. वह मेसी के सबसे ज्यादा गोल करने के रिकॉर्ड से 10 गोल दूर हैं. वहीं हैरी केन ने राउंट ऑफ 32 में 2 गोल दागकर पूरी दुनिया को असली नंबर 9 का मुशायरा पेश किया.

Harry kane
Harry Kane (X)

एर्लिंग हालैंड — नॉर्वे (ROBOT)

5 गोल | 0 असिस्ट

इंसान कम, गोल करने वाली मशीन ज्यादा. यही हालैंड की पहचान है. इस रोबोट ने नॉर्वे को अकेले दम पर नॉकआउट तक खींच लिया. फ्रांस के खिलाफ मैच में बेंच पर बैठेने के बाद भी उनके 5 गोल हैं. अगर नॉर्वे के खिलाफ मुश्किल मैच आए तो हालैंड और खतरनाक हो जाते हैं. राउंट ऑफ 32 में 86 मिनट में गोल करके नॉर्वे को अगले फेज में पहुंचाया.

ERLING HALLAND
ERLING HALLAND (X)

उस्मान डेम्बेले — फ्रांस (DEMBOUZ)

4 गोल | 2 असिस्ट

फ्रांस का गुप्त हथियार. एक तरफ एमबाप्पे सुर्खियां लेते हैं, दूसरी तरफ डेम्बेले शांति से काम करते हैं. नॉर्वे के खिलाफ 32 मिनट में हैट्रिक वर्ल्ड कप इतिहास की सबसे तेज हैट्रिक में से एक थी. उनके पास 2 असिस्ट भी हैं यानी सिर्फ गोल नहीं, वह मौके भी बनाते हैं. एमबाप्पे और डेम्बेले दोनों टॉप 6 में हैं. इसके साथ फ्रांस इस रेस में सबसे आगे है.

OUSMANE DEMBELE
OUSMANE DEMBELE (X)

विनिसियस जूनियर — ब्राजील (VINI JR)

4 गोल | 1 असिस्ट

VINICIUS JUNIOR
VINICIUS JUNIOR (X)

सांबा स्टाइल, ब्राजीलियाई जादू और डिफेंडरों की बुरी रात यही विनिसियस हैं. हर मैच में ड्रिब्लिंग देखकर दर्शक खड़े हो जाते हैं जापान के खिलाफ मैच में जब ब्राजील दबाव में था, विनिसियस ने टीम को संभाला. नेमार बेंच पर हैं लेकिन ब्राजील की पूरी उम्मीद विनिसियस ने अपने कंधों पर संभाल ली है.

देखा जाए तो एमबाप्पे फिलहाल सबसे मजबूत दावेदार हैं. वहीं मेसी उनके कंधे पर सांस ले रहे हैं. हालैंड और केन किसी भी मैच में उछाल मार सकते हैं. यह वर्ल्ड कप गोल्डन बूट रेस आखिरी मिनट तक जारी रहेगी. जो टीम सेमीफाइनल और फाइनल तक जाएगी, उसी के खिलाड़ी का नाम इतिहास में लिखा जाएगा.