नई दिल्ली: मोहिता शर्मा का जन्म दिल्ली में हुआ, जबकि उनका परिवार मूल रूप से हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा का रहने वाला है. उनके पिता मारुति उद्योग लिमिटेड से सेवानिवृत्त हैं और मां गृहिणी हैं. मोहिता अपने माता-पिता की इकलौती संतान हैं. बचपन में परिवार को बेटी को लेकर कई तरह की बातें सुननी पड़ीं. इन्हीं अनुभवों ने मोहिता के भीतर कुछ बड़ा करने का संकल्प पैदा किया.
मोहिता ने पढ़ाई में भी अपनी मेहनत दिखाई. उनकी स्कूली शिक्षा DPS द्वारका से हुई. 10वीं में उन्होंने 92.20 प्रतिशत और 12वीं में 90.70 प्रतिशत अंक हासिल किए. आगे उन्होंने भारती विद्यापीठ कॉलेज से इलेक्ट्रॉनिक्स और कम्युनिकेशन में इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी की. वर्ष 2012 में डिग्री हासिल करने के बाद उन्होंने निजी करियर के बजाय देश सेवा की दिशा में आगे बढ़ने का फैसला किया.
इंजीनियरिंग के बाद मोहिता ने प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी शुरू की और UPSC सिविल सेवा परीक्षा का रास्ता चुना. शुरुआती प्रयासों में उन्हें सफलता नहीं मिली. एक के बाद एक चार प्रयास असफल रहे. इसके बावजूद उन्होंने परीक्षा छोड़ने के बजाय हर असफलता से अपनी गलतियां समझीं और तैयारी को बेहतर किया. उनके लिए हर प्रयास एक नया अनुभव बनता गया.
मोहिता के मुताबिक, इस सफर में उन्हें शुरुआत में सही मार्गदर्शन नहीं मिला था. इसलिए परीक्षा की प्रक्रिया को समझने में भी समय लगा. लेकिन उन्होंने असफलताओं को अपने खिलाफ नहीं जाने दिया. उन्होंने अपनी गलतियों को पहचानकर उनसे सीखना जारी रखा. यही लगातार प्रयास आगे चलकर उनकी सबसे बड़ी ताकत बना और पांचवें प्रयास में उन्हें सफलता मिली.
UPSC सिविल सेवा परीक्षा 2016 मोहिता का पांचवां प्रयास था. इस बार उन्होंने पिछली गलतियों से मिली सीख के साथ परीक्षा दी और प्रीलिम्स, मेन्स तथा इंटरव्यू तीनों चरण पार कर लिए. उन्हें ऑल इंडिया 262वीं रैंक मिली और वे IPS अधिकारी बनीं. खास बात यह रही कि उन्होंने यह सफलता भारत निर्वाचन आयोग में सहायक अनुभाग अधिकारी के तौर पर काम करते हुए हासिल की.
उस समय नौकरी की जिम्मेदारियों के साथ UPSC की तैयारी करना आसान नहीं था. 2016 के उत्तर प्रदेश चुनाव से जुड़े काम भी उनकी जिम्मेदारियों का हिस्सा थे. इसके बावजूद उन्होंने पढ़ाई के लिए समय निकाला और अपने लक्ष्य पर ध्यान बनाए रखा. वर्तमान में मोहिता शर्मा जम्मू-कश्मीर के कठुआ जिला पुलिस में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के पद पर तैनात हैं. उन्हें अक्टूबर 2025 में यह जिम्मेदारी सौंपी गई थी.
IPS बनने के बाद भी मोहिता की कहानी यहीं नहीं रुकी. वे लोकप्रिय टीवी क्विज शो कौन बनेगा करोड़पति के सीजन 12 में पहुंचीं. शो में उन्होंने अपने ज्ञान और आत्मविश्वास के दम पर 1 करोड़ रुपये की राशि जीत ली. एक करोड़ रुपये के लिए उनसे विस्फोटक पदार्थ से जुड़ा सवाल पूछा गया था. सवाल में जर्मन रसायनशास्त्री जॉर्ज फ्रेडरिक हेनिंग के पेटेंट से संबंधित जानकारी दी गई थी.
सवाल के चार विकल्प HMX, RDX, TNT और PITN थे. मोहिता ने इसका सही जवाब RDX चुना और 1 करोड़ रुपये अपने नाम किए. UPSC में लगातार असफलताओं से लेकर IPS अधिकारी बनने और फिर KBC में करोड़पति बनने तक का उनका सफर यही बताता है कि मंजिल देर से मिले, तो भी कोशिश रोकना जरूरी नहीं. उनकी कहानी उन लोगों के लिए प्रेरणा है जो असफलता के बाद अपने सपने पर संदेह करने लगते हैं.