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India Daily

'हम बिना किसी समझौते के लौट रहे हैं', अमेरिका-ईरान युद्ध शांति वार्ता फेल; इस्लामाबाद से खाली हाथ वापस जा रहे जेडी वेंस

इस्लामाबाद में ईरान और अमेरिका के बीच चल रही शांति वार्ता अब फेल होती नजर आ रही है. अमेरिका के उप राष्ट्रपति जेडी वेंस ने ऐलान किया है कि हम बिना किसी समझौते के लौट रहे हैं.

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Edited By: Shanu Sharma
'हम बिना किसी समझौते के लौट रहे हैं', अमेरिका-ईरान युद्ध शांति वार्ता फेल; इस्लामाबाद से खाली हाथ वापस जा रहे जेडी वेंस
Courtesy: ANI

ईरान और अमेरिका के बीच अभी जंग थमने वाली नहीं है, यह बात साफ हो गया है. 40 दिनों तक चले इस युद्ध को रोकने के लिए 15 दिनों का अस्थायी युद्धविराम का ऐलान किया गया था, ताकी इस दौरान दोनों देशों के बीच बात हो सके. पाकिस्तान द्वारा मध्यस्थता भी की जा रही थी, लेकिन अब वह फेल होती नजर आ रही है.

पाकिस्तान के इस्लामाबाद पहुंचे अमेरिका के उप राष्ट्रपति जेडी वेंस ने वापस लौटने की घोषणा की है, क्योंकि दोनों देशों के बीच 21 घंटों तक चली बातचीत में कोई भी नतीजा निकल कर नहीं आया है. वेंस ने इस्लामाबाद में मीडिया से बात करते हुए साफ कहा कि दोनों देशों के बीच समझौता नहीं हो पाया. उन्होंने कहा कि मुख्य रूप से स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को लेकर बात नहीं बनी. 

जेडी वेंस ने क्या कहा?

अमेरिका के उपराष्ट्रपति जेडी वेंस के बारे में शुरू से कहा जा रहा है कि वह इस जंग के खिलाफ हैं. वह नहीं चाहते कि पूरी दुनिया पर इसका असर पड़े. इसके लिए उन्होंने बातचीत की भी कोशिश की लेकिन अब वह भी फेल होती नजर आ रही है. इस्लामाबाद में हुई बातचीत के बारे में प्रेस को जानकारी देते हुए वेंस ने कहा कि हमने यह बहुत साफ कर दिया है कि हमारी 'रेड लाइन्स' क्या हैं.

वेंस ने कहा कि हमने साफ बताया कि हम किन बातों पर उनकी बात मानने को तैयार हैं और किन बातों पर नहीं मान सकते हैं. यह सब जितना साफ कहा जा सकता थी हमने उतनी साफ कर दी है, लेकिन हो सकता है कि उन्होंने हमारी शर्तें मानने से इनकार कर दिया हो. पाकिस्तान मीडिया को दिए अपने तीन मिनट के संबोधन में, अमेरिकी उपराष्ट्रपति ने कहा कि दोनों देशों के प्रतिनिधियों के बीच 'कई अहम मुद्दों पर बातचीत' हुई. हालांकि इसके बाद भी, वे किसी ऐसे समझौते पर सहमत नहीं हो पाए, जो मिडिल ईस्ट में लंबे समय तक शांति सुनिश्चित कर सके.

ईरान को वेंस की चेतावनी

जेडी वेंस ने इस वार्ता के फेल होने पर चिंता जाहिर करते हुए कहा कि हमने कई मुद्दों पर बातचीत की लेकिन समझौते पर पहुंच नहीं पाए. यह खबर अमेरिका के लिए बुरी होने से कई ज्यादा ईरान के लिए बुरी है. हालांकि अमेरिकी राष्ट्रपति ने यह साफ नहीं बताया कि ईरान किन बातों को मानने से इनकार कर दिया है. लेकिन सूत्रों की मानें तो अमेरिका को इस बात का कोई 'पक्का वादा' नहीं मिला कि ईरान निकट भविष्य में परमाणु हथियार नहीं बनाएगा. जिसके कारण पाकिस्तान की पूरी कोशिश फेल हो गई.